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पंजाब में पाकिस्तान से आए 200 कोरोना पॉजिटिव, सिलचर एयरपोर्ट से बिना टेस्ट के ही भागे 300 यात्री

अमृतसर में सिविल सर्जन डॉक्टर चरणजीत सिंह ने बताया कि पाकिस्तान से लौटे 816 श्रद्धालुओं में से 650 का कोविड-19 टेस्ट किया जा चुका है। इनमें 200 को संक्रमण की पुष्टि हुई है।

देश में कोरोना की रफ्तार बेकाबू होने के बाद राज्य सरकारें सख्त हो गई हैं। लेकिन इस बीच कुछ लोग ऐसे भी हैं जो सहयोग करने की जगह स्थिति को और भयावह बनाने में लगे हैं। असम के सिलचर से खबर है कि वहाँ एयरपोर्ट से 300 से ज्यादा यात्री बिना कोरोना टेस्ट कराए भाग गए। वहीं पंजाब में 200 ऐसे लोग मिले जो वैसाखी मनाने पाकिस्तान गए थे और अब कोविड पॉजिटिव हैं। इन पर मेडिकल टीम के साथ दुर्व्यवहार का भी आरोप है।

असम के सिलचर एयरपोर्ट पर हुई घटना पर अधिकारियों का कहना है कि फरार हुए यात्रियों के ख़िलाफ़ आपराधिक मामला दर्ज किया जाएगा। कथित तौतर पर सिलचर एयपोर्ट इतना बड़ा नहीं है कि वहाँ बड़ी संख्या में यात्रियों की कोविड-19 की जाँच हो सके। इसलिए एयरपोर्ट प्रशासन ने यात्रियों के लिए यह व्यवस्था सरकारी अस्पताल में की। लेकिन कुछ यात्री अस्पताल पहुँचने से पहले रास्ते में उतर गए।

डिस्ट्रिक्ट एडिशनल डिप्टी कमिशनर ने बताया कि 6 एयरक्राफ्ट से 690 यात्री एयरपोर्ट पर आए। उन्हें अस्पातल ले जाने के दौरान करीब 300 लोगों ने सिर्फ 500 रुपए के टेस्ट के लिए हल्ला मचाया। इसके बाद वह नियम का उल्लंघन कर भाग गए। केवल 189 का टेस्ट हुआ। इनमें 6 संक्रमित पाए गए। भागे गए सभी यात्रियों का डेटाबेस है और उन्हें ढूँढकर उन पर धारा 188 के तहत कार्रवाई होगी।

कुछ दिन पहले भारत के तीर्थयात्री बैसाखी मनाने वाघा बॉर्डर के जरिए लाहौर गए थे। दो दिन पहले जब ये लौटे तो इनका कोविड टेस्ट हुआ। इनमें से 200 संक्रमित पाए गए। अमृतसर में सिविल सर्जन डॉक्टर चरणजीत सिंह ने बताया कि पाकिस्तान से लौटे 816 श्रद्धालुओं में से 650 का कोविड-19 टेस्ट किया जा चुका है। इनमें 200 को संक्रमण की पुष्टि हुई है।

डॉ. चरणजीत ने कहा श्रद्धालुओं के मेडिकल टीम से दुर्व्यवहार की शिकायत के बाद जाँच बीच में रोकनी पड़ी। उन्होंने कहा कि इस संबंध में जाँच की जाएगी और शिकायत दर्ज की जाएगी। श्रद्धालु दो दिन पहले ही पाकिस्तान से लौटे हैं।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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