Homeदेश-समाजबेंगलुरु में रेलवे स्टेशन के रेस्टरूम को बना दिया 'मस्जिद-ए-नूरानी', पढ़ी जाती है नमाज:...

बेंगलुरु में रेलवे स्टेशन के रेस्टरूम को बना दिया ‘मस्जिद-ए-नूरानी’, पढ़ी जाती है नमाज: गैर मुस्लिमों का प्रवेश बंद

हिंदूवादी कार्यकर्ताओं ने बेंगलुरु के रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म पर बने रेस्टरूम को नमाज पढ़ने की जगह में तब्दील करने पर नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि जब रेलवे स्टेशन के आस-पास इतने मस्जिद हैं तो फिर अंदर नमाज की अनुमति देने का क्या मतलब। उनके मुताबिक ये कोई साजिश भी हो सकती है।

बेंगलुरु में एक रेलवे स्टेशन पर कुलियों के लिए बने रेस्टरूम को नमाज पढ़ने की जगह में तब्दील किए जाने पर बवाल हो रहा है। हिंदूवादी कार्यकर्ता ‘क्रांतिवीरा संगोल्ली रायणना रेलवे स्टेशन’ के अंदर पब्लिक प्रॉपर्टी को मस्जिद बनाए जाने पर नाराजगी जता रहे हैं। एक वीडियो सामने आई है जिसमें बताया जा रहा है कि कैसे कुलियों के रेस्टरूम को नमाज पढ़ने का स्थान बना दिया गया है। ये जगह केएसआर रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर 6 पर है।

पिछले दिनों एक यूजर ने इसकी वीडियो को शेयर करते हुए रेलवे मंत्री अश्विन वैष्णव और भारतीय रेलवे से इसके विरुद्ध कार्रवाई की माँग की थी। रिपोर्ट्स के अनुसार, इस जगह पर हर समुदाय के कुलियों के लिए रेस्टरूम बना था। लेकिन 10 वर्ष पहले इस जगह को मस्जिद (नमाज पढ़ने की जगह) बना दिया गया। इसके बाद अन्य समुदाय के लोगों का यहाँ आना बंद कर दिया गया। अब ये जगह मस्जिद-ए-नूरानी नाम से पहचानी जाती है।

रेस्टरूम को बनाया मस्जिद

इस मस्जिद की वीडियो आने के बाद हिंदू जनजागृति वैदिक के कार्यकर्ता दक्षिण पश्चिमी रेलवे अधिकारियों का विरोध कर रहे हैं। इस दौरान उन्होंने सोमवार को मस्जिद में एंट्री भी की। तमाम हिंदू संगठनों की माँग है कि ये अवैध मस्जिद बंद होनी चाहिए। सामान्य जन भी सवाल कर रहे हैं कि आखिर रेलवे प्रशासन इतनी लापरवाही कैसे कर सकता है।

हिंदू कार्यकर्ताओं की शिकायत

इस संबंध में हिंदू कार्यकर्ताओं ने एक लिखित शिकायत भी दी है। इसमें अवैध जगह के ख़िलाफ़ कार्रवाई की माँग की गई है। पत्र में संगठन के लोगों ने इस तरह अवैध मस्जिद बनाए जाने की निंदा की है। साथ ही साथ इस मुद्दे को राष्ट्रीय सुरक्षा से जोड़ा है। पत्र में लिखा है, “बेंगलुरु केएसआर रेलवे स्टेशन राज्य का एक खास स्टेशन है। इसके ईर्द-गिर्द कई मस्जिद हैं। ऐसे में प्लेटफॉर्म के भीतर नमाज के लिए अनुमति देना कोई साजिश लगती है।”

Illegal mosque crops up at Bengaluru railway station

पत्र में इस बात का भी उल्लेख है कि कैसे पिछले कुछ समय में बेंगलुरु आतंकी गतिविधियों का गढ़ बना है। NIA ने 2018 में यहाँ से बंगाल के आदिल असदुल्लाह को पकड़ा था। 2019 में मो अकरम नाम का आतंकी पकड़ा गया। इसके अलावा बांग्लादेश के आतंकी संगठन जमात-ए-मुजाहिद्दीन के एक आतंकी को भी बेंगलुरु की एक मस्जिद से पकड़ा गया था। 

हिंदू कार्यकर्ताओं ने इस निर्माण के विरुद्ध फौरन एक्शन लेने को कहा है। इस बीच टाइम्स नाऊ के पत्रकार इमरान खान ने बताया कि साउथ वेस्टर्न रेलवे के अधिकारियों का कहना है कि नमाज के लिए जगह स्टेशन पर सालों से है। एक सीनियर रेलवे पुलिस अधिकारी ने तो ये तक कहा कि अधिकारियों को इस बदलाव की सूचना तक नहीं थी जब तक ये मामला सोशल मीडिया पर नहीं आया। रेलवे प्रोटेक्शन फोर्स ने जगह का मुआएना करने के बाद कहा कि अगर जगह को नमाज पढ़ने के लिए तब्दील किया गया है तो इसके विरुद्ध कार्रवाई जरूर होगी।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

बेचे जाने और लीज पर देने का अंतर भूल बैठे हैं अखिलेश यादव, JPNIC ‘बिक गया’ या सिर्फ लीज पर गया? सपा प्रमुख के...

JPNIC विवाद में अखिलेश यादव के ‘बेचने’ के आरोप की पड़ताल पर जानिए योगी सरकार का लीज मॉडल, CAG की आपत्तियां और 265 करोड़ से 865 करोड़ तक कैसे पहुँचा प्रोजेक्ट।

UP में तेजी से बढ़ रही है ‘गो-इकोनॉमी’, दूध के साथ-साथ गोमूत्र भी बन रहा है रोजगार का साधन: शैम्पू, साबुन और ऑर्गेनिक फर्टिलाइजर...

सवाल उनसे है जो गाय, गोबर और गौमूत्र का नाम सुनते ही मजाक बनाने लगते हैं- जब यही व्यवस्था किसान का खर्च घटाकर उसकी आय बढ़ा रही है और तो उपहास किस बात का है?
- विज्ञापन -