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‘प्रधान-पति महफूज खान करता है प्रताड़ित, जमीन पर किया कब्ज़ा’: कुशीनगर में दलितों ने लगाए ‘मकान बिकाऊ हैं’ के पोस्टर, कहा – पलायन को मजबूर

पुलिसकर्मियों ने इन पोस्टरों को फाड़ डाला, लेकिन लोग अब भी अड़े हुए हैं। ग्रामीणों का कहना है कि हरिजन आबादी की जमीन कब्ज़ा कर के उस पर पानी टंकी बना तो उन्हें गाँव छोड़ना पड़ेगा।

उत्तर प्रदेश के कुशीनगर के रामकोला थाना क्षेत्र स्थित सपहा दहाऊर टोला में मुस्लिम ग्राम प्रधान के पति के कारण हिन्दुओं के पलायन की खबर है। गाँव के हिन्दुओं ने कहा कि वो पलायन के लिए मजबूर हैं। 20 घरों के बाहर ‘मकान बिकाऊ है’ के पोस्टर भी लग गए हैं। दलित बस्ती के लोगों का कहना है कि ग्राम प्रधान के शौहर व प्रतिनिधि महफूज खान उन्हें पानी टंकी के नाम पर प्रताड़ित कर रहा है। लोगों ने उसे दबंग छवि का व्यक्ति करार दिया है।

आरोप है कि वो दलितों को धमकी देता है। उसके ही उत्पीड़न से तंग आकर लोगों ने अपने मकान बेचने का फैसला किया है। इस बस्ती में अधिकतर लोग अनुसूचित जाति (SC) से ताल्लुक रखते हैं। पोस्टर चस्पाने की खबर के बाद सोमवार (5 सितंबर, 2022) की देर रात पुलिस भी मौके पर पहुँची। पुलिसकर्मियों ने इन पोस्टरों को फाड़ डाला, लेकिन लोग अब भी अड़े हुए हैं। ग्रामीणों का कहना है कि हरिजन आबादी की जमीन कब्ज़ा कर के उस पर पानी टंकी बना तो उन्हें गाँव छोड़ना पड़ेगा।

पुलिस अधिकारियों ने लोगों को समझाया-बुझाया। ये विवाद कप्तानगंज तहसील के सपहा दहाऊर टोले पर 284 नंबर की जमीन को लेकर है, जो दलित बस्ती के नाम पर है। इशरत जहाँ गाँव की प्रधान हैं, जिसके पति व प्रतिनिधि महफूज खान ने इसी जमीन पर कब्ज़ा कर के यहाँ पानी टंकी बनाने का प्रस्ताव पारित करवा दिया है। विरोध करने पर दलितों पर उसने मुकदमा भी दर्ज करवा दिया। महफूज खान पर ग्रामीणों को परेशान करने का भी आरोप है।

इसीलिए, लोगों ने गाँव से सामूहिक पलायन का फैसला लिया। ADM देवीदयाल वर्मा और ASP रितेश कुमार सिंह ने ग्रामीणों से वार्ता करने के बाद प्रशासन को निर्देश दिया कि पानी टंकी के लिए किसी और भूमि को चिह्नित किया जाए। इसके बाद ग्रामीण शांत हुए। पानी टंकी के लिए कहीं अन्य सरकारी जमीन की तलाश की जा रही है। सोशल मीडिया पर ‘मकान बिकाऊ है’ का पोस्टर वायरल होने के बाद पुलिस ने मामले पर संज्ञान लिया था।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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