Homeदेश-समाजफेसबुक से दोस्ती, नाबालिग हिन्दू लड़की को ले भागा कैराना का मोहम्मद जमाल: जबरन...

फेसबुक से दोस्ती, नाबालिग हिन्दू लड़की को ले भागा कैराना का मोहम्मद जमाल: जबरन सिखा रहा था नमाज पढ़ना, हुआ गिरफ्तार

बंगाल पुलिस ने आरोपित मोहम्मद जमाल के मोबाइल की लोकेशन के आधार पर उसे कैराना से गिरफ्तार कर लिया। इस मामले में आरोपित जमाल पहले पानीपत में पुलिस को अलग-अलग कॉलोनियों में घुमाता रहा।

फेसबुक पर दोस्ती के बाद पश्चिम बंगाल से अपहरण करके लाई गई हिन्दू नाबालिग लड़की को वहाँ की पुलिस ने आरोपित मोहम्मद जमाल की निशानदेही पर कैराना के बाहरी इलाके से बरामद कर लिया। जिसके बाद पुलिस आरोपित को ट्रांजिट रिमांड पर लेकर पश्चिम बंगाल के लिए रवाना हो गई

इस मामले की जानकारी देते हुए रिपोर्टर स्वाति शर्मा गोयल ने ट्वीट किया, “कैराना के मोहम्मद जमाल ने बंगाल की एक नाबालिग हिंदू लड़की को बहकाकर घर से भगाने में कामयाब हो गया। उसने फेसबुक के जरिए उससे दोस्ती की थी। वहीं NCPCR के प्रियंक कानूनगो और मिशन मुक्ति फाउंडेशन की मदद की मदद से लड़की को कैराना से बरामद कर लिया गया है।”

वहीं इस मामले में सुराग अपहृत किशोरी एवं आरोपित जमाल की फेसबुक पर पूर्व में हुई चेटिंग से लगा, जिसमें आरोपित जमाल की लोकेशन कैराना में मिली। इसके बाद पश्चिम बंगाल पुलिस ने राष्ट्रीय बाल संरक्षण आयोग NCPCR) से सहायता माँगी। आयोग अध्यक्ष प्रियांक कानूनगो ने कार्रवाई के लिए एसएसपी शामली को पत्र लिखा था। वहीं, पश्चिम बंगाल पुलिस के साथ मिशन मुक्ति फाउंडेशन नई दिल्ली के डायरेक्टर वीरेंद्र सिंह व एंटी ह्यूमैन ट्रैफिकिंग यूनिट की प्रभारी आरती चंद्रा भी कैराना पहुँची थी। जहाँ स्थानीय पुलिस की सहायता से रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया गया।

क्या है मामला

मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, पश्चिम बंगाल के दक्षिण 24 परगना के जिला बरुईपुर थाने में तैनात उपनिरीक्षक विजय राय शनिवार (25 जून, 2022) को टीम के साथ कोतवाली पहुँचे। उन्होंने स्थानीय पुलिस के सहयोग से मोहल्ला दरबार कलां में दबिश देकर आरोपित मोहम्मद जमाल को हिरासत में ले लिया।

उन्होंने मामले में आगे जानकारी देते हुए बताया कि बीती 14 मई, 2022 को पश्चिम बंगाल से एक हिन्दू किशोरी का अपहरण किया गया था। उससे फेसबुक पर दोस्ती के बाद बहकाकर घटना को अंजाम दिया गया था। मामले में किशोरी के परिजनों ने FIR दर्ज कराई थी।

वहीं बंगाल पुलिस ने आरोपित मोहम्मद जमाल के मोबाइल की लोकेशन के आधार पर उसे कैराना से गिरफ्तार कर लिया। इस मामले में आरोपित जमाल पहले पानीपत में पुलिस को अलग-अलग कॉलोनियों में घुमाता रहा। वहीं पुलिस ने देर रात कैराना के बाहरी इलाके से एक किराए के मकान से किशोरी को सकुशल बरामद कर लिया। वहीं बंगाल पुलिस के अनुसार किशोरी ने आरोपित जमाल पर नमाज पढ़ना सिखाने का आरोप लगाया है।

पुलिस ने पूरे मामले का खुलासा करते हुए बताया सोशल मीडिया पर कुछ युवक झूठी पहचान बताकर नाबालिग युवतियों को जाल में फँसाते हैं। ये खुद को अमीर दर्शाते हैं। पर हकीकत में इनकी आर्थिक स्थिति बहुत खराब होती है। ये अपराधी प्रवृत्ति के भी होते हैं। बाद में युवतियों जिंदगी से खिलवाड़ करते हैं। इस मामले में भी जमाल पानीपत फैक्टरी में पायदान बनाता था। जबकि किशोरी अपने घर से करीब 37 हजार रुपए लेकर भागी थी।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

UP में तेजी से बढ़ रही है ‘गो-इकोनॉमी’, दूध के साथ-साथ गोमूत्र भी बन रहा है रोजगार का साधन: शैम्पू, साबुन और ऑर्गेनिक फर्टिलाइजर...

सवाल उनसे है जो गाय, गोबर और गौमूत्र का नाम सुनते ही मजाक बनाने लगते हैं- जब यही व्यवस्था किसान का खर्च घटाकर उसकी आय बढ़ा रही है और तो उपहास किस बात का है?

मुस्लिमों को रिझाने में 2017 में औंधे मुँह गिरे थे अखिलेश, आरक्षण का वादा किया लेकिन घोषणापत्र खाली रहा: 2027 के चुनावी रण में...

मुस्लिम आरक्षण पर अखिलेश बयानों से लेकर मुलायम सिंह यादव की मुस्लिम राजनीति अपने पुराने ढर्रे पर रही है। हालाँकि अब यूपी में वोटर्स अपनी प्रथमिकताएँ बदल रहे हैं।
- विज्ञापन -