Homeदेश-समाजAIMIM नेता पर चाकुओं से वार, फिर ​पत्थर से सिर कुचला: बीच सड़क पर...

AIMIM नेता पर चाकुओं से वार, फिर ​पत्थर से सिर कुचला: बीच सड़क पर मर्डर का Video आया सामने

रात करीब 11: 45 बजे खलील उस सड़क से गुजर रहे थे। इसी दौरान तीन अज्ञातों ने उनका पीछा किया और पहले उनपर चाकुओं से वार किया, फिर पत्थरों से उनका सिर बेरहमी से कुचल दिया।

हैदराबाद के राजेंद्र नगर में रविवार (जनवरी 10, 2021) को AIMIM नेता अब्दुल खलील की सड़क पर बेरहमी से हत्या कर दी गई। PVNR एक्सप्रेस हाईवे के पिलर नंबर 248 के नजदीक तीन लोगों ने इस घटना को अंजाम दिया।

द न्यूज मिनट के अनुसार, रविवार रात करीब 11: 45 बजे खलील उस सड़क से गुजर रहे थे। इसी दौरान तीन अज्ञातों ने उनका पीछा किया और पहले उनपर चाकुओं से वार किया, फिर पत्थरों से उनका सिर बेरहमी से कुचल दिया।

पूरी वारदात की एक वीडियो भी सोशल मीडिया पर सामने आई है। इसमें तीनों आरोपित खलील के सिर पर पत्थर मारते दिख रहे हैं। पुलिस का कहना है कि वह सीसीटीवी के जरिए आरोपितों तक पहुँचने का प्रयास कर रही है। अभी तक इस घटना के पीछे आर्थिक मामलों को वजह माना जा रहा है।

स्थानीय रिपोर्ट के अनुसार शमशाबाद के डीसीपी, एन प्रकाश रेड्डी ने आरोपितों का पता लगाने और उन्हें पकड़ने के लिए पुलिस टीमों का गठन कर लिया है। वहीं खलील के शव को अटॉप्सी के लिए उस्मानिया जनरल अस्पताल भी भेज दिया गया है। AIMIM नेताओं ने भी पुष्टि की है कि एमएम पहाड़ी निवासी अब्दुल खलील उनकी पार्टी के नेता थे और इलाके के अध्यक्ष भी थे।

बता दें कि 24 घंटों में हैदराबाद में हत्या की यह दूसरी घटना है। इससे पहले रविवार की सुबह पुलिस को एक शव सूटकेस में पीवीएनआर एक्सप्रेसवे के पिलर नंबर 223 से बरामद हुआ था। पड़ताल में पता चला कि मृतक का नाम रियाज था और वह पेशे से एक ऑटो रिक्शा ड्राइवर था। 

रियाज के परिवार ने शनिवार को राजेंद्रनगर थाने में शिकायत दर्ज करवाई थी। इसके बाद पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज में पाया कि वह सैयद और फिरोज नाम के दो लोगों के साथ था। पुलिस ने फौरन दोनों को हिरासत में ले लिया। पूछताछ में पता चला कि तीनों उस समय नशे में धुत थे और तीनों के बीच आर्थिक मामलों पर कहासुनी हो गई थी।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

विवादों में ‘कॉकरोचों’ का 6 जून का प्रदर्शन, दिपके ने माना- ‘नहीं ली प्रोटेस्ट की परमिशन’: समझें- SC का फैसला, 7 दिन वाला नियम...

CJP के प्रस्तावित प्रदर्शन के बहाने समझिए जंतर-मंतर पर धरना देने की पूरी प्रक्रिया, दिल्ली पुलिस के नियम और सुप्रीम कोर्ट का रुख।

‘पहले मंदिर में नमाज पढ़ेंगे, फिर कहेंगे मस्जिद थी’: बुलंदशहर से भोजशाला तक, हिंदू पवित्र स्थलों पर दावों का कट्टरपंथियों का पैटर्न और लिबरल...

हिंदुओं के पवित्र स्थानों पर नमाज अदा करना भूल नहीं, सोची-समझी साजिश है। यदि कट्टरपंथियों का मन इतना ही साफ होता तो मंदिरों पर कब्जा नहीं करते।
- विज्ञापन -