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महिला मरीज के पेट में छोड़ी 2 कैंची, 5 साल बाद ऑपरेशन से निकली: केरल कोर्ट ने किया डॉक्टर शहाना समेत 4 को तलब, 750 पन्नों की चार्जशीट

वर्ष 2017 में कोझिकोड की रहने वाली हर्शिना ने यहीं के एक सरकारी अस्पताल में सी सेक्शन ऑपरेशन करवाया। इसके दो महीने के बाद ही हर्शिना के पेट में तेज दर्द चालू हो गया। वह लगातार इन्फेक्शन का शिकार होने लगीं और इसकी वजह से उन्हें दो और ऑपरेशन करवाने पड़े।

केरल के कोझिकोड में एक महिला के पेट में कैंचियाँ छोड़ने वाले चार स्वास्थ्यकर्मियों को कोर्ट ने समन किया है। इन पर आरोप है कि वर्ष 2017 में एक महिला के ऑपरेशन के समय इन्होंने उसके पेट में कैंची छोड़ दी, इसकी वजह से महिला बार-बार बीमार पड़ी और 2022 में जाकर उसके पेट से वो दो कैंची निकाली जा सकीं।

महिला के पेट में दो कैंची छोड़ने के आरोपित डॉक्टर सीके रमेशन, डॉक्टर एम शहाना, नर्स एम रिहाना और नर्स केजी मंजू को कोझिकोड के कोर्ट ने 19 अप्रैल 2024 को पेश होने का आदेश दिया है। इनके ऊपर मेडिकल लापरवाही का आरोप लगाया गया है। पुलिस ने इनके खिलाफ 750 पन्नों की एक चार्जशीट दाखिल की है। केरल सरकार ने दिसम्बर, 2023 में ही इनके खिलाफ मामला चलाने की अनुमति दे दी थी।

क्या है महिला के पेट में कैंची छूटने का पूरा मामला?

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, वर्ष 2017 में कोझिकोड की रहने वाली हर्शिना ने यहीं के एक सरकारी अस्पताल में सी सेक्शन ऑपरेशन करवाया। इसके दो महीने के बाद ही हर्शिना के पेट में तेज दर्द चालू हो गया। वह लगातार इन्फेक्शन का शिकार होने लगीं और इसकी वजह से उन्हें दो और ऑपरेशन करवाने पड़े। हर्शिना की इस गंभीर स्थिति के कारण उनके पति को भी अपना काम बंद करना पड़ा और ₹35 लाख का नुकसान भी उठाना पड़ा।

हर्शिना को बाद में पता चला कि उनके पेट में दो कैंची मौजूद हैं, इसके बाद सितम्बर 2022 में उनकी सर्जरी करके यह दो कैंची निकाली गई। 12 सेंटीमीटर लम्बी यह दो कैंची उनके पेट से निकलीं। इसके बाद हर्शिना ने राज्य की तत्कालीन स्वास्थ्य मंत्री वीणा जॉर्ज के दफ्तर में शिकायत दर्ज करवाई।

उनको केरल की सरकार ने ₹2 लाख का मुआवजा भी देने का ऐलान किया था और गृह विभाग से इसकी जाँच करवाने का ऐलान किया था। हालाँकि, बाद में केरल के स्वास्थय विभाग ने कहा कि कैंचियाँ उनके (महिला के) पेट में कैसे आई इसकी जानकारी नहीं मिली। लेकिन पुलिस ने बाद में इसमें अपनी जाँच में कहा कि कैंचियाँ 2017 में ही छूटी थी। इसने 750 पेज की एक चार्जशीट भी कोर्ट के सामने रखी है और इन चारों को आरोपित बनाया है।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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