Sunday, July 14, 2024
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‘इस्लाम खतरे में है, काफिरों को मार डालो’: मुस्लिम भीड़ ने ट्रेन में ज़िंदा जला डाले 59 राम भक्त, 10 तो बच्चे और 27 महिलाएँ थीं

कमेटी की रिपोर्ट में इस घटना के बारे में कहा गया, "ट्रेन सुबह 7:43 पर प्लेटफार्म पर लगभग 5 घंटे देरी से आई। ट्रेन को गोधरा में लगभग 5 मिनट रुकना था। ट्रेन पर हमला घांची की मुस्लिम भीड़ ने किया।

27 फरवरी 2002, याद करिए आज के उस दिन को। आज ही के दिन 2002 में गोधरा में अयोध्या से लौट रहे 59 कारसेवकों को साबरमती एक्सप्रेस की S- 6 बोगी में जिन्दा जला दिया गया था। ये सभी कारसेवक भव्य राम मंदिर निर्माण के मकसद से अयोध्या गए थे। ट्रेन में वो सभी लोग भगवान का भजन कर रहे थे। इस निर्मम नरसंहार में लम्बी कानूनी प्रक्रिया चली।

इस घटना की जाँच के लिए जस्टिस नानावटी कमेटी का गठन किया गया। कमेटी की रिपोर्ट में इस घटना के बारे में कहा गया, “ट्रेन सुबह 7:43 पर प्लेटफार्म पर लगभग 5 घंटे देरी से आई। ट्रेन को गोधरा में लगभग 5 मिनट रुकना था। ट्रेन पर हमला घांची मुस्लिम भीड़ ने किया। ये अनधिकृत रूप से स्टेशन पर कोल्डड्रिंक और अन्य खाने के सामान बेचते थे। गोधरा स्टेशन की बॉउंड्री से सटा एक इलाका है, जिसे सिग्नल फलिया कहा जाता है। यहाँ घांची मुस्लिम अच्छी संख्या में रहते हैं।”

जैसे ही ट्रेन गोधरा स्टेशन से रवाना होने लगी उसकी चेन खींच दी गई। ट्रेन पर 1000-2000 लोगों की भीड़ ने हमला किया। भीड़ ने पहले पत्थरबाजी की फिर पेट्रोल डालकर उसमें आग लगा दी। इसमें 27 महिलाओं, 22 पुरुषों और 10 बच्चों की जलने से मृत्यु हो गई। इस रिपोर्ट में इस घटना को साजिश बताया गया। प्रमुख साजिशकर्ता मौलवी हुसैन हाजी इब्राहिम उमर और ननूमियाँ थे। इन पर भीड़ को भड़काने का आरोप लगा। आरोपित रज्जाक कुरकुर के गेस्ट हाउस पर 140 लीटर पेट्रोल जमा किया गया। इसी पेट्रोल से ट्रेन जलाई गई थी।

जाँच के दौरान यह भी पता चला कि हिंसक भीड़ को उकसाने के लिए लाऊडस्पीकरों का प्रयोग किया गया था। अली मस्जिद यहीं पास में थी थी। इस दौरान ‘काफिरों को मार डालो, इस्लाम खतरे में है, काट दो, मार दो’ जैसे नारे लगाए गए। हमलावरों के हाथों में तलवारें और अन्य घातक हथियार थे। वो पत्थरबाजी भी कर रहे थे। ये सभी ट्रेन को घेरने की कोशिश कर रहे थे।”

कुछ कारसेवकों को घटना का पहले से अंदेशा हो गया था। वो स्टेशन छोड़ कर निकल गए थे। मौके पर मौजूद पुलिस बल ने हालत को संभालने की बहुत कोशिश की लेकिन वो असफल रहे। घटना के लगभग 2 दशक बीत जाने के बाद भी तमाम वामपंथी और लिबरल इस हमले पर बात करने से कतराता है। आखिरकार इस घटना में कुल 59 कारसेवकों को अपनी जान गँवानी पड़ी थी। ऑपइंडिया ने काफी प्रयासों के बाद 41 कारसेवकों की लिस्ट हासिल करने में सफलता पाई है। उन ज्ञात कारसेवकों के नाम कुछ इस प्रकार से हैं।

1- नीलमबेन प्रकाशभाई चौडगर, रामोल, अहमदाबाद
2 – ज्योतिबेन भरतभाई पांचाल, मणिनगर अहमदाबाद
3- प्रेमाबेन नरनभाई डाभी, गीता मंदिर, अहमदाबाद
4- जीवीबेन नरनभाई डाभी, गीता मंदिर, अहमदाबाद
5- देवकलाबेन हरीप्रसाद जोशी, चांदलोडिया, अहमदाबाद
6- जेवरभाई जादवभाई प्रजापति, वस्त्राल, अहमदाबाद
7- मित्तलबेन भरतभाई प्रजापति, मणिनगर, अहमदाबाद
8- नीताबेन हर्षदभाई पांचाल, न्यू रानिप, अहमदाबाद
9- हर्षदभाई हरगोविंद भाई पांचाल, न्यू रानिप, अहमदाबाद
10- प्रतीक्षाबेन हर्षदभाई पांचाल, न्यू रानिप, अहमदाबाद
11- नीरूबेन नवीनचंद ब्रह्मभट्ट, संकेत सोसाइटी, वडनगर
12- छायाबेन हर्षदभाई पांचाल, न्यू रानिप, अहमदाबाद
13- चिरागभाई ईश्वरभाई पटेल, वाघोदिया, वडोदरा
14- सुधाबेन गिरीशचंद्र रावल, चांदलोडिया, अहमदाबाद
15- मालाबेन शरदभाई महात्रे, अम्बावड़ी, अहमदाबाद
16- अरविन्दाबेन कांतिलाल शुक्ला, रामोल, अहमदाबाद
17- उमाकांत गोविन्दभाई मकवाना, नवा नरोडा, अहमदाबाद
18- सदाशिव विट्ठलभाई जाधव, सुरेलिया एस्टेट रोड, अहमदाबाद
19- मणिबेन डाहयाभाई जाधव, नवा नरोडा, अहमदाबाद
20- जेसलकुमार मनसुख भाई सोनी, वस्त्राल, अहमदाबाद
21- मनसुख भाई कांजीभाई सोनी, वस्त्राल, अहमदाबाद
22- रतीबेन शिवपति प्रसाद, म्युनिसिपल क्वार्टर, विजय मिल्स, नरोदा, अहमदाबाद
23- जमनाप्रसाद रामाश्रय तिवारी, म्युनिसिपल क्वार्टर, विजय मिल्स, नरोदा, अहमदाबाद
24- सतीश रमनलाल व्यास, ओधव, अहमदाबाद
25- शांताबेन जशभाई पटेल, रून, आनंद
26- इंदिराबेन बंशीभाई पटेल, रून, आनंद
27- राजेशभाई सरदारजी वाघेला, खोखरा, अहमदाबाद
28- शीलाबेन मफतभाई पटेल, रून, आनंद
29- मंजुलबेन कीर्तिभाई पटेल, रून, आनंद
30- चम्पाबेन मनुभाई पटेल, रून, आनंद
31- दिवालीबेन रावजी भाई पटेल, मातर, खेड़ा
32- ललिताबेन करंसीभाई पटेल, कड़ी, मेहसाणा
33- मंगूबेन हीरजीभाई पटेल, कड़ी, मेहसाणा
34- प्रह्लादभाई जयंतभाई पटेल, अम्बिका टाउनशिप, पाटन
35- भीमजीभाई करसनभाई पटेल, खेदब्रह्म, साबरकांठा
36- लखुभाई हीराजीभाई पटेल, वडाली, साबरकांठा
37- विट्ठलभाई परषोत्तम भाई पटेल, खोखरा, अहमदाबाद
38- शैलेश रणछोड़ भाई पांचाल, संकल्प पार्क सोसाइटी, सुरेंद्र नगर
39- अमृतभाई जोईताराम पटेल, गमनपुरा, मेहसाणा
40- नरेंद्र नारायणभाई पटेल, मंडल, अहमदाबाद
41- रमनभाई गंगारामभाई पटेल, नुगर, मेहसाणा

यह घटना दोपहर 11.30 की है। इस घटना से S-6 और S-7 कोच प्रभावित हुए थे।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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