Homeदेश-समाजकबाड़ी इमरान को पुलिस ने गाजियाबाद से दबोचा: होटल में पार्टी के बाद दीक्षा...

कबाड़ी इमरान को पुलिस ने गाजियाबाद से दबोचा: होटल में पार्टी के बाद दीक्षा मिश्रा की हत्या कर नैनीताल से भागा था

कबाड़ का काम करने वाले इमरान ने अपना नाम ऋषभ तिवारी बताया था और रियल इस्टेट कंपनी में उच्च पद पर काम करने वाली दीक्षा के साथ काफी समय से संपर्क में था।

नोएडा की रहने वाली दीक्षा मिश्रा की नैनीताल के एक होटल में हत्या के मामले में फरार आरोपित इमरान खान को गाजियाबाद से गिरफ्तार कर लिया गया है। कबाड़ का काम करने वाले इमरान ने अपना नाम ऋषभ तिवारी बताया था और रियल इस्टेट कंपनी में उच्च पद पर काम करने वाली दीक्षा के साथ काफी समय से संपर्क में था।

इमरान की गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने जानकारी दी कि पिछले कुछ महीनों से दीक्षा और इमरान के बीच पैसों को लेकर अक्सर बहस होती थी। 16 अगस्त 2021 को भी इसी बात को लेकर बहस शुरू हो गई, जिसके बाद इमरान ने गुस्से में आकर दीक्षा की हत्या कर दी। इसके बाद इमरान नोएडा पहुँचा, जहाँ दीक्षा के फ्लैट से उसने अपना सामान लिया और अपने घर गाजियाबाद चला गया।

इमरान की गिरफ्तारी के लिए उत्तराखंड पुलिस ने एक टीम बनाई। इस टीम ने घटना स्थल पर मिली इमरान की आईडी के आधार पर उसे ट्रैक किया और गाजियाबाद के सिहानी गेट के पास स्थित एक फार्मेसी से गिरफ्तार कर लिया।

ज्ञात हो कि नोएडा के होराइजन होम्स एक्सटेंशन की रहने वाली दीक्षा मिश्रा 14 अगस्त 2021 को इमरान और अपने दो अन्य दोस्तों के साथ नैनीताल घूमने गई थी। 15 अगस्त को दीक्षा का जन्मदिन मनाने के बाद सभी ने एक ही कमरे में पार्टी की और उसके बाद अपने-अपने कमरे में चले गए। इसी दौरान इमरान ने दीक्षा की हत्या कर दी और दीक्षा का फोन लेकर फरार हो गया था।

हालाँकि दैनिक जागरण की रिपोर्ट के अनुसार दीक्षा के परिजनों ने लव-जिहाद का आरोप लगाते हुए कहा है कि आरोपित इमरान ने अपना नाम ऋषभ तिवारी बताया था। दीक्षा के भाई अंकुर मिश्रा का कहना है कि जब वह आरोपित इमरान से मिला था तब उसने अपना नाम ऋषभ तिवारी बताया था साथ ही दोस्तों ने भी यह आरोप लगाया है कि आरोपित की फेसबुक आईडी भी ऋषभ तिवारी के नाम से ही थी।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

₹15 लाख करोड़ के संदिग्ध रेवेन्यू से SEBI की कार्रवाई तक: जानिए कौन हैं राजेश मेहता और क्यों घिरी उनकी कंपनी Rajesh Exports

सिक्योरिटी एंड एक्सचेंज बोर्ड ऑफ इंडिया (SEBI) ने राजेश एक्सपोर्ट्स लिमिटेड और उसके प्रबंध निदेशक राजेश मेहता के खिलाफ कई गंभीर आरोप लगाए हैं।

पंजाब के ‘शिक्षा सुधारों’ का श्रेय लेने पर कॉन्ग्रेस और AAP में जंग, पढ़े- जब दिल्ली में केजरीवाल पर शीला दीक्षित के काम को...

पंजाब के शिक्षा क्षेत्र में नंबर-1 बनने के दावे पर विवाद। जानिए AAP और कॉन्ग्रेस के दावों के बीच पूरा रियलिटी चेक और शिक्षा सुधार की टाइमलाइन।
- विज्ञापन -