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‘स्वामी दर्शन भारती का सिर कलम करने वाले को ₹1 करोड़’: यूपी पुलिस ने दबोचा तो मौलाना ने कहा – दिमागी संतुलन हिल गया था

मौलाना ने सोशल मीडिया पर दो वीडियो डाला था, जिन्हें उसने अपने घर पर ही बनाया था। उसे दावा किया कि स्वामी दर्शन भारती मुस्लिमों को उत्तराखंड से निकाल कर मस्जिदों पर पाबंदी लगाने की बातें करते हैं।

उत्तर प्रदेश स्थित बरेली के एक मौलाना ने उत्तराखंड के स्वामी दर्शन भारती का सिर कलम करने पर इनाम की घोषणा की थी। यूपी पुलिस ने मौलाना हाफिज फैजान रज़ा को गिरफ्तार कर लिया है। उसने ऐलान किया था कि स्वामी दर्शन भारती का सिर कलम करने वालों को 1 करोड़ रुपए दिए जाएँगे। स्वामी दर्शन भारती ‘उत्तराखंड रक्षा अभियान’ के संस्थापक हैं। बरेली पुलिस ने मौलाना को जेल भेज दिया है।

मौलाना हाफिज फैजान रज़ा आरोप लगाया कि स्वामी दर्शन भारती ने मुस्लिमों के खिलाफ बोला है। उक्त मौलाना बरेली में एक मरदसे का प्रबंधक है। उसने कहा कि स्वामी दर्शन भारती सस्ती लोकप्रियता हासिल करने के लिए विवादित बयान देते हैं। उसने उत्तराखंड के मुख्यमंत्री को इस सम्बन्ध में ज्ञापन देने का दावा करते हुए कहा कि इन सबके बावजूद कोई कार्रवाई नहीं की गई, जिससे उसे इनाम का ऐलान करना पड़ा।

उक्त मौलाना मदरसे के साथ-साथ ‘सर्व समाज संगठन’ नामक एक संस्था का संचालक भी है। उसने कहा कि इस्लाम के खिलाफ जो कोई भी बोलेगा, उसे आड़े हाथों लिया जाएगा। सोशल मीडिया पर जैसे ही उसका बयान वायरल हुआ, बरेली पुलिस ने इस सम्बन्ध में FIR दर्ज कर के उसकी तलाश शुरू कर दी। बरेली के SSP रोहित सिंह सजवाण ने जानकारी दी है कि मौलाना को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है।

मौलाना ने सोशल मीडिया पर दो वीडियो डाला था, जिन्हें उसने अपने घर पर ही बनाया था। उसे दावा किया कि स्वामी दर्शन भारती मुस्लिमों को उत्तराखंड से निकाल कर मस्जिदों पर पाबंदी लगाने की बातें करते हैं। मौलाना हाफिज फैजान रज़ा ने स्वामी दर्शन भारती के लिए आपत्तिजनक भाषा का भी प्रयोग किया। वहीं दूसरे वीडियो में उसने स्वामी को खुली बहस की चुनौती दी। इज्जत नगर थाना ने उसके खिलाफ एक्शन लिया।

उप निरीक्षक इशरत अली ने तत्काल संज्ञान लेते हुए विभिन्न समुदायों में वैमनस्यता फैलाने के आरोपों और IT एक्ट की धाराओं के तहत FIR दर्ज की। इसमें लिखा गया है कि हिन्दू-मुस्लिम विभाजन के उद्देश्य से दिए गए इस बयान से लोगों में आक्रोश है। शनिवार (जून 26, 2021) को उसे जेल भेजा गया। गिरफ़्तारी के बाद मौलाना ने माफ़ी माँगते हुए कहा कि उसका दिमागी संतुलन हिल गया था। उसने अपने बयान पर अफ़सोस जाहिर करते हुए कहा कि उसे ऐसा नहीं करना चाहिए था।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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