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अमृतपाल के फरार होने से लेकर गिरफ़्तारी तक, पंजाब सरकार ने केंद्रीय गृह मंत्रालय को सौंपी रिपोर्ट: Pak से लिंक का भी ब्यौरा, पर्दे के पीछे बैठे मददगार भी नपेंगे

फरारी के दौरान अमृतपाल सिंह के अलग-अलग जगह पर छिपने की खबरें भी सामने आती रही थीं और उसे पनाह देने वाले कई साथी गिरफ्तार भी हुए हैं।

पंजाब सरकार ने अमृतपाल सिंह की गिरफ़्तारी और उसके खिलाफ हुई कार्रवाई के संबंध में विस्तृत रिपोर्ट केंद्रीय गृह मंत्रालय को भेज दी है। बता दें कि पंजाब में फ़िलहाल मुख्यमंत्री भगवंत मान के नेतृत्व में ‘आम आदमी पार्टी (AAP)’ की सरकार है। NIA ने भी इस संबंध में अब तक जो भी जाँच की है, उसकी रिपोर्ट ‘मिनिस्ट्री ऑफ होम अफेयर्स (MHA)’ को भेज दी है। ‘राष्ट्रीय जाँच एजेंसी’ इस मामले पर नजर रखे हुए थी।

अमृतपाल सिंह डेढ़ महीने से भी अधिक समय से पुलिस की आँख में धूल झोंक रहा था। पता चला है कि इस दौरान वो विदेशो फोन नंबरों का इस्तेमाल कर रहा था। व्हाट्सएप्प कलकी ग के जरिए वो अपने साथियों के साथ बातचीत कर रहा था। MHA ने पंजाब सरकार से कहा था कि वो अमृतपाल सिंह की फरारी से लेकर उसकी गिरफ़्तारी तक की विस्तृत रिपोर्ट उसे सौंपी जाए। साथ ही उसे पनाह देने वालों का पूरा भ्योरा भी तलब किया गया।

फरारी के दौरान अमृतपाल सिंह के अलग-अलग जगह पर छिपने की खबरें भी सामने आती रही थीं और उसे पनाह देने वाले कई साथी गिरफ्तार भी हुए हैं। उसके लोकेशनों को लेकर भी केंद्र सरकार को जानकारियाँ भेज दी गई हैं। पंजाब सरकार ने मंगलवार (25 अप्रैल, 2023) को सारा रिकॉर्ड MHA के हवाले कर दिया। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह भी इस मामले में पंजाब सरकार की तारीफ कर चुके हैं। अमृतपाल सिंह को विदेशी फंडिंग मिलने की बात भी सामने आई है। उसके खातों की डिटेल्स और उसके काफिले में शामिल गाड़ियों के मालिकों के बारे में भी डिटेल्स जुटाए गए हैं।

साथ ही इस रिपोर्ट में पाकिस्तान से उसके संबंधों का भी जिक्र है। इस मामले में अब तक 400 लोग गिरफ्तार किए जा चुके हैं। MHA उन लोगों को खँगालना चाहती है, जिन्होंने पर्दे के पीछे से खालिस्तानी अलगाववादी अमृतपाल सिंह की मदद की। अमृतपाल ने हरियाणा से एक डोंगल खरीदी थी और कनाडा के एक नंबर से व्हाट्सएप्प चला रहा था। मोबाइल में बिना कोई सिम डाले वो ऐसा कर रहा था। अमृतपाल सिंह फ़िलहाल असम के डिब्रूगढ़ जेल में है, जहाँ उससे पूछताछ करने पंजाब पुलिस भी जाने वाली है।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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