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राकेश टिकैत ने डिलीट मारा राजस्थान में काफिले पर हमले वाला ट्वीट, बीजेपी पर मढ़ा था दोष

“उत्तर प्रदेश में कोई घटना घटित हो तो भाजपा जिम्मेदार और अगर राजस्थान में भी कोई घटना घटित तो भी भाजपा जिम्मेदार। अरे भैया जाँच करवाओ। सरकार तुम्हारी है ये चिल्ल पों मत मचाओ।”

भारतीय किसान यूनियमन (BKU) के प्रवक्ता राकेश टिकैत ने राजस्थान में अपने काफिले पर हुए हमले वाला ट्वीट डिलीट कर दिया है। इसमें उन्होंने बीजेपी पर हमले का आरोप लगाया था। हमला 2 अप्रैल को अलवर जिले में हुआ था। उस समय टिकैत हरसौरा में सभा को संबोधित करने जा रहे थे। पथराव में काफिले में शामिल गाड़ियों के शीशे टूट गए थे।

हमले की सूचना मिलने पर दिल्ली-यूपी के गाजीपुर बॉर्डर पर टिकैत के समर्थकों ने नेशनल हाईवे 9 को जाम कर दिया। बाद में पुलिस हस्तक्षेप के बाद ट्रैफिक बहाल हुई थी।

टिकैत ने ट्विटर पर वीडियो साझा करते हुए लिखा था, “राजस्थान के अलवर जिले के ततारपुर चौराहा, बानसूर रोड पर बीजेपी के गुंडों द्वारा जानलेवा हमला किया गया, लोकतंत्र के हत्या की तस्वीरें।”

राकेश टिकैत द्वारा किया गया ट्वीट, जो अब डिलीट कर दिया गया है

टिकैत ने ‘हमले’ वाला ट्वीट डिलीट कर दिया। लेकिन, फेसबुक पर इससे संबंधित पोस्ट हटाना भूल गए हैं। उन्होंने ट्वीट क्यों डिलीट किया यह नहीं बताया है। लेकिन, राजस्थान में हुई घटना को लेकर बीजेपी पर आरोप लगाने को लेकर नेटिजन्स ने ​उनको निशाने पर लिया था।

पुष्पेंद्र कुलश्रेष्ठ ने इस पर प्रतिक्रिया देते हुए लिखा, “राकेश टिकैत पर राजस्थान मे हमला। केजरीवाल से जब मीडिया दूर हो जाती थी वो बेचारा खुद अपने कार्यकर्ता से ही थप्पड़ खाकर मीडिया कवरोज बटोर लेता था टिकैत भी केजरी का ही गुर्गा है मीडिया इसको घास नहीं डाल रही तो कभी ओडिशा तो कभी राजस्थान में अपने ही कार्यकर्ताओं से थप्पड़ खा रहा है।”

राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने भी इस घटना को लेकर ट्वीट किया था। इस पर प्रतिक्रिया देते हुए एक यूजर ने लिखा कि राकेश टिकैत ने तो अपना ट्वीट डिलीट कर लिया है। अब आपकी बारी है मुख्यमंत्री। एक अन्य यूजर ने अशोक गहलोत के ट्वीट पर लिखा, “कॉन्ग्रेस सरकार के रहते कोई कैसे अटैक कर सकता है, इसका  मतलब आपने सुरक्षा के बंदोबस्त नहीं किए और ऊपर से बीजेपी के ऊपर इल्जाम लगा रहे हैं।”

एक अन्य यूजर ने लिखा, “जाँच के बाद पता चलेगा कि वो लोग अशोक गहलोत जैसे ही कॉन्ग्रेसी चमचे थे।”

अमित गौतम नाम के एक यूजर ने लिखा, “उत्तर प्रदेश में कोई घटना घटित हो तो भाजपा जिम्मेदार और अगर राजस्थान में भी कोई घटना घटित तो भी भाजपा जिम्मेदार। अरे भैया जाँच करवाओ। सरकार तुम्हारी है ये चिल्ल पों मत मचाओ।”

बता दें कि दिल्ली की सीमाओं (टीकरी, सिंघू और गाजीपुर) पर किसान चार महीने से अधिक समय से आंदोलन कर रहे हैं। गाजीपुर बॉर्डर के आंदोलन का नेतृत्व राकेश टिकैत के हाथों में है। टिकैत का कहना है कि जब तक केंद्र सरकार तीन नए कृषि कानूनों को वापस नहीं लेगी तब तक आंदोलन जारी रहेगा।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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