Homeदेश-समाजजो स्कॉर्पियो एंटीलिया के बाहर थी, उसी से सचिन वाजे गया था अर्णब गोस्वामी...

जो स्कॉर्पियो एंटीलिया के बाहर थी, उसी से सचिन वाजे गया था अर्णब गोस्वामी को गिरफ्तार करने: रिपोर्ट में बड़ा खुलासा

ATS को अब वो CCTV फुटेज भी मिल गया है, जिसमें अर्णब गोस्वामी की गिरफ़्तारी से सचिन वाजे और उसी स्कॉर्पियो का कनेक्शन सामने आ रहा है, जो एंटीलिया के बाहर मिली थी। मीडिया रिपोर्ट में...

उधर NIA ने मुंबई पुलिस के अधिकारी सचिन वाजे को गिरफ्तार किया, इधर मुकेश अंबानी के घर एंटीलिया के बाहर मिली स्कॉर्पियो कार को लेकर बड़ा खुलासा हुआ है। ख़बरों में बताया गया है कि एंटीलिया के बाहर खड़ी स्कॉर्पियो वही थी, जिसका इस्तेमाल अर्णब गोस्वामी की गिरफ़्तारी के दौरान सचिन वाजे ने किया था

‘रिपब्लिक टीवी’ के संस्थापक को गिरफ्तार करने के लिए अलीबाग पुलिस गई थी। सचिन वाजे ने उन्हें गिरफ्तार किया था।

ख़बरों में कहा जा रहा है कि ATS को अब वो CCTV फुटेज भी मिल गया है, जिसमें अर्णब गोस्वामी की गिरफ़्तारी से उसका कनेक्शन सामने आ रहा है। ये भी पता चला है कि उस गाड़ी का रजिस्ट्रेशन नंबर फेक है।

गाड़ी के मालिक मनसुख हिरेन की कुछ ही दिनों पहले संदिग्ध अवस्था में लाश मिली थी। उनके परिजनों का आरोप है कि उनकी हत्या हुई है और सचिन वाजे इस हत्याकांड में शामिल है।

सचिन वाजे शनिवार को सुबह 11 बजे NIA के दफ्तर पहुँचे थे, जहाँ उनसे पूछताछ हुई। उससे पहले उन्होंने सोशल मीडिया पर एक संदेश पोस्ट कर के आरोप लगाया था कि उनके साथी ही उन्हें गलत मामलों में फँसा रहे हैं।

उन्होंने लिखा था कि अब दुनिया को अलविदा कहने का समय नजदीक आ गया है। NIA को सचिन वाजे के खिलाफ कई मजबूत सबूत मिले हैं, जिसके बाद गिरफ्तारी की कार्रवाई की गई।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

बलिदानियों के सम्मान को भी कॉन्ग्रेस ने बनाया प्रोपेगेंडा, मोदी सरकार को घेरने के लिए ‘ऑपरेशन सिंदूर’ पर फैलाया झूठ: जानें- क्या है ‘एक...

जिन बलिदानियों के नाम सरकार द्वारा छुपाने का दावा कॉन्ग्रेसी नेता पवन खेड़ा कर रहे हैं, वे नाम पहले से ही देश के सामने आ चुके थे।

‘श्मशान का भी व्यवसाय’… ईशा फाउंडेशन को पटना में एशिया के सबसे बड़े शवदाह गृह के संचालन की जिम्मेदारी मिलने पर हंगामा, जानें- ऑपइंडिया...

पटना के बांसघाट शवदाह गृह को लेकर उठे सवालों के बीच जानिए सरकार ने ईशा फाउंडेशन को जिम्मेदारी क्यों दी और क्या हैं सुविधाएँ।
- विज्ञापन -