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डीजीपी की चेतावनी के बाद मची खलबली: सामने आए 64 छिपे हुए जमाती, बाकी की तलाश के लिए टीम गठित

पुलिस महानिदेशक ने चेतावनी जारी की है कि छिपे हुए जमातियों के पास सोमवार तक पुलिस के सामने आने का आखिरी मौका है। यदि उसके बाद कोई पकड़ा जाता है तो उस पर हत्या के प्रयास का मुकदमा दर्ज किया जाएगा।

उत्तराखंड के डीजीपी अनिल के रतूड़ी की चेतावनी का अब असर दिखा है। तबलीगी जमात से जुड़े लोग सामने आने लगे हैं। ये लोग अब डीजीपी की चेतावनी के बाद प्रशासन को अपने बारे में जानकारी दे रहे हैं। इन लोगों को होम क्वारंटाइन किया जाएगा और आइसोलेशन में रखा जाएगा। उत्तराखंड के ही रुड़की में 16 जमातियों को होम क्वारंटाइन किया गया। रुद्रपुर के एसपी सिटी देवेंद्र पिंचा ने जानकारी दी है कि जिले में 15 जमाती खुद सामने आए हैं। इन सभी का मेडिकल करवा कर क्वारंटाइन किया जा रहा है।

देहरादून में संक्रमित मरीजों को सुद्धोवाला स्थित क्वारंटीन सेंटर और दून अस्पताल में रखा गया है। प्रदेश में अब तक आए मरीजों में से पाँच मरीज अपने घर ठीक होकर लौट चुके हैं। प्रदेश में अब तक 1141 लोगों के सैंपलों की जाँच हो चुकी है, जिनमें से 31 केस पॉजिटिव आए हैं। करीब 144 सैंपल की रिपोर्ट अभी आनी बाकी है।

हरिद्वार में जमातियों की तलाश के लिए पुलिस टीम गठित की गई है। देहरादून के डोईवाला में केशवपुरी और झबरावाला बस्ती को सील कर दिया गया है। यहाँ दो जमाती कोरोना पॉजिटिव पाए गए। जो 64 जमाती प्रशासन के सामने आए हैं, वो तबलीगी जमात से जुड़े हैं। साथ ही दिल्ली से आए चार जमातियों के संपर्क में भी आए थे। ये चारों जमाती दिल्ली में क्वारंटाइन किए गए हैं। जिनमें से दो में कोरोना की पुष्टि हुई है।

जहाँ तक उत्तराखंड की बात है, यहाँ अब तक कोरोना वायरस के 31 मामले सामने आए हैं। इनमें से 27 सक्रिय मामले हैं। 4 लोग इलाज के बाद ठीक होकर घर जा चुके हैं, वहीं राहत की बात ये है कि पहाड़ी राज्य में किसी की भी मृत्यु नहीं हुई है। पुलिस महानिदेशक ने चेतावनी जारी की है कि छिपे हुए जमातियों के पास सोमवार तक पुलिस के सामने आने का आखिरी मौका है। यदि उसके बाद कोई पकड़ा जाता है तो उस पर हत्या के प्रयास का मुकदमा दर्ज किया जाएगा।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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