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अगर हम केवल मुस्लिमों बारे में सोचते तो तीन तलाक पर मोदी का सिर कलम कर देते: TMMK अध्यक्ष मोहम्मद शरीफ़

"अगर हम केवल मुस्लिमों की सोच रहे होते, तो अमित शाह इस समय जीवित न होते, नरेंद्र मोदी जीवित न होते और संसद संसद न होती। लेकिन हमने ऐसा नहीं किया। क्यों? क्योंकि हमारे अंदर भारत के कानून, लोकतंत्र और संविधान के लिए सम्मान है।”

तमिलनाडु में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह की हत्या की धमकी देने वाले एम मोहम्मद शरीफ़ को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। पेरम्बलूर जिले में बुधवार (28 अगस्त) को हुई इस गिरफ़्तारी के पीछे उनका 5 दिन पहले का भड़काऊ भाषण बताया गया है, जिसमें क्रमशः तीन तलाक और 370 के मुद्दे पर मोदी और अमित शाह की हत्या की धमकी दी गई थी। इस्लामिस्ट संगठन तमिलनाडु मुस्लिम मुन्नेत्र कळगम (TMMK) से जुड़े मोहम्मद शरीफ़ ने यह बयान पार्टी की नुक्कड़ सभा के दौरान पेरम्बलूर के लब्बैकुडिकाडु में दिया था

त्रिची स्थित मारसिंगपेट के रहने वाले शरीफ पर पुलिस ने निषेधाज्ञा उल्लंघन, लोकसेवक (प्रधानमंत्री, गृह मंत्री) को धमकी देने, शांति भंग और आपराधिक धमकी के आरोप लगाए हैं। उनके खिलाफ तमिलनाडु भाजपा ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई थी। 25 अगस्त के अपने भाषण में शरीफ़ ने कहा था, “अगर हम केवल मुस्लिमों की सोच रहे होते, तो अमित शाह इस समय जीवित न होते, नरेंद्र मोदी जीवित न होते और संसद संसद न होती। लेकिन हमने ऐसा नहीं  किया। क्यों? क्योंकि हमारे अंदर भारत के कानून, लोकतंत्र और संविधान के लिए सम्मान है।” 

TMMK के अध्यक्ष एमएच जवाहिरुल्लाह ने शरीफ की  टिप्पणी की निंदा करते हुए जानकारी दी कि शरीफ को TMMK के मूल्यों का उल्लंघन करने के लिए मुख्यालय के वक्ता के पद से हटा दिया गया है। 

TMMK और उसकी समर्थक पार्टियाँ (जिनमें द्रमुक, माकपा, भाकपा जैसे बड़े दल शामिल हैं) मोदी सरकार के खिलाफ प्रदर्शन कर रहीं हैं। उपर्युक्त बड़े दलों के अलावा वीसीके, क्रिश्चियन गुडविल मूवमेंट जैसे छोटे संगठन भी इसमें शामिल हैं।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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