Homeराजनीतिपार्टी विचारधारा के प्रचार के लिए अब कॉन्ग्रेस तैयार करेगी 'प्रेरक'

पार्टी विचारधारा के प्रचार के लिए अब कॉन्ग्रेस तैयार करेगी ‘प्रेरक’

भाजपा की सबसे मजबूत इकाई आरएसएस के स्वयंसेवक और प्रचारक जन संपर्क के द्वारा जमीनी स्तर पर लोगों का सहयोग कर उनका विश्वास जीतते आए हैं। आशंका यह जताई जा रही हैं कि कॉन्ग्रेस भी इसी आधार पर 'प्रेरक' तैयार करने जा रही है ताकि.......

आम जनता की नजरों में कॉन्ग्रेस पार्टी की गिरती हुई छवि को सुधारने के लिए पार्टी ने अब अपनी कार्यप्रणाली और विचारधारा के प्रचार के लिए ‘प्रेरक’ रखने का निर्णय लिया है। ये प्रेरक कॉन्ग्रेस के खिलाफ चल रही नकारात्मक ख़बरों के खिलाफ जमीनी स्तर पर पार्टी हित में काम करेंगे।

ये प्रेरक कार्यकर्ताओं को पार्टी की विचारधारा और इतिहास के बारे में ‘प्रेरित और सूचित’ करेंगे, इसके अलावा उन्हें नियमित आधार पर जनता के साथ जुड़ने के लिए तैयार किया जाएगा।

कॉन्ग्रेस पार्टी ने चुनावों में लगातार मिल रही असफलताओं के बाद फैसला लिया है कि देशभर में प्रेरकों की नियुक्ति की जाएगी। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, कॉन्ग्रेस के पदाधिकारी ने बताया है कि कॉन्ग्रेस को चुनावों में पार्टी को मिल रही हार के बाद अपने जनसंपर्क कार्यक्रमों को बड़े पैमाने पर करने के प्रयासों के तहत कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षण कौशल प्रदान करने के लिए देशभर में प्रेरकों या प्रेरकों के समूह की नियुक्ति की जाएगी।

प्रेरकों का मुख्य कार्य कॉन्ग्रेस के संगठन को मजबूत करना और कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षण देना होगा। कॉन्ग्रेस पार्टी में सिर्फ उन्हें प्रेरक बनाया जाएगा जिनके पास संगठन का अनुभव होगा और वह कार्यकर्ताओं की जरूरत को समझते हों और उन्हें सम्मान देते हों।

दरअसल, माना जा रहा है कि कॉन्ग्रेस ने यह निर्णय आरएसएस की तर्ज पर लिया है। भाजपा की सबसे मजबूत इकाई आरएसएस के स्वयंसेवक और प्रचारक जन संपर्क के द्वारा जमीनी स्तर पर लोगों का सहयोग कर उनका विश्वास जीतते आए हैं। आशंका यह जताई जा रही हैं कि कॉन्ग्रेस भी इसी आधार पर ‘प्रेरक’ तैयार करने जा रही है ताकि बी अपनी खोई हुई राजनीतिक जमीन वापस हासिल कर सके।

प्रेरक बनने के लिए कॉन्ग्रेस पार्टी की विचारधारा के प्रति समर्पण होना जरूरी है। पार्टी में ऐसे लोग जो संगठन को समय और अपनी ऊर्जा दे सकें और प्रशिक्षण पर उनका भरोसा हो, वही लोग प्रेरक बन सकेंगे। ऐसे लोग जिनके भीतर समाज में सम्मान और भरोसा जीतने की क्षमता होगी, गुटबाजी से दूर हों, कार्यकर्ताओं में सम्मानित हों और सभी के साथ बराबरी का व्यवहार करने की क्षमता हो, उन्हीं को प्रेरक नियुक्त किया जाएगा।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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