Wednesday, August 4, 2021
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मिंटो ब्रिज पर जलभराव तो केंद्र जिम्मेदार, नहीं तो केजरीवाल का कमाल: ‘AAP’ के पाखंड का लोगों ने किया भंडाफोड़

पिछले साल AAP नेता राघव चड्ढा ने मिंटो ब्रिज पर हुए जलभराव के लिए बातों ही बातों में केंद्र सरकार को कोसा था और अब आतिशी. साल 2021 में भारी बारिश के बाद भी मिंटो ब्रिज की सामान्य स्थिति को देख आम आदमी पार्टी की तारीफों के कसीदे पढ़ रही हैं।

दिल्ली की आम आदमी पार्टी (AAP) की हिपोक्रेसी को लेकर सोशल मीडिया पर एक पोस्ट शेयर हो रहा है। इस पोस्ट में AAP के दो नेताओं के बयान हैं। एक में राघव चड्ढा मिंटो ब्रिज पर हुए जलभराव और उसके कारण हुई एक व्यक्ति के मौत के लिए केंद्र सरकार को बातों ही बातों में कोस रहे हैं और दूसरे में आतिशी साल 2021 में भारी बारिश के बाद भी मिंटो ब्रिज की सामान्य स्थिति देख आम आदमी पार्टी की तारीफों के कसीदे पढ़ रही हैं।

दोनों ट्वीट को साथ-साथ शेयर किया जा रहा है। पहला ट्वीट साल 2020 का है जिसमें AAP नेता राघव चड्ढा ने कहा था कि मिंटो ब्रिज का इलाका एनडीएमसी के अधीन आता है और एनडीएमसी केंद्र सरकार के अधीन आती है, फिर भी वहाँ ऐसी जलभराव की स्थिति बनी। बीजेपी अपनी जिम्मेदारियों से भागने की कोशिश कर रही है।

दूसरा ट्वीट 2021 में AAP नेता आतिशी ने किया है। इसमें वह कहती हैं, “सुबह से भारी वर्षा के बाद भी मिंटो ब्रिज पर कोई जलभराव नहीं हुआ और ट्रैफिक भी बहुत आराम से चल रहा है। ये वक्त है कि विपक्ष पुरानी तस्वीरों को शेयर करना बंद कर दे।”

इन दोनों नेताओं की बातें देख सोशल मीडिया पर बात हो रही है कि आखिर आम आदमी पार्टी वाले इतना पाखंड कैसे दिखा लेते हैं। अविनाश श्रीवास्तव कहते हैं, “मतलब ये कैसे होता है ? जब ‘मिंटो ब्रिज’ पर जलभराव हुआ तो वो एरिया NDMC के अंतर्गत था और उसकी जिम्मेदारी केंद्र सरकार की थी और जब ‘मिंटो ब्रिज’ पर जलभराव नहीं हुआ तो उसका क्रेडिट केजरीलाल की AAP सरकार को चला गया।”

इसी तरह अतुल आहूजा लिखते हैं कि देखें कैसे पाखंडी एक दूसरे के ही पाखंड को उजागर कर रहे हैं।

बिष्णुकांत शुक्ला ने कहा, “पहले: मिंटो ब्रिज हमारा एरिया नहीं NDMC का है, केंद्र का है,हमारी जिम्मेदारी नहीं, BJP काम करे। अब: हमने ये कर दिया वो कर दिया,थैंक्यू केजीरिवाल। मतलब अगर केंद्र का है तो काम केंद्र ने किया होगा फिर झूठा क्रेडिट काहे ले रहे हो और अगर तुम्हारा है तो पहले काहे झूठ बोल रहे थे?”

उल्लेखनीय है दिल्ली के मिंटो ब्रिज पर अक्सर भारी बारिश के बाद जलभराव की समस्या देखने को मिलती है। इसी कारण इस ब्रिज की तस्वीरें सोशल मीडिया पर शेयर भी होती हैं। लेकिन इस बार ऐसा कुछ नहीं हुआ और आवाजाही बरकरार रही। ऐसे में कई रिपोर्ट सिर्फ यही बताने के लिए की गई कि मिंटो ब्रिज इस बार जलभराव से मुक्त नजर आया।

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ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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