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चुनाव नहीं जिताने वाले मंत्रियों की होगी कैबिनेट से छुट्टी: अमिरंदर सिंह ने दी चेतावनी

कैप्टन का कहना है कि ये निर्देश उन्हें पार्टी हाईकमान की तरफ से ही मिले हैं। कैप्टन सिंह ने अपने लिखित बयान में अपने मंत्रियों, नेताओं और विधायकों से कहा है कि वह पार्टी को अपने-अपने इलाके में जितवाएँ और अगर ऐसा नहीं होता है, तो उन्हें मंत्री पद से हाथ धोना पड़ सकता है।

लोकसभा चुनाव में सभी दल अपने-अपने उम्मीदवारों को जिताने की जी-तोड़ कोशिश कर रहे हैं। इस बीच पंजाब के मुख्यमंत्री कैप्टन अमिरंदर सिंह ने अपनी सरकार के मंत्रियों से कहा है कि वह अपने-अपने इलाके में पार्टी के उम्मीदवारों की जीत सुनिश्चित करें। कैप्टन ने इस बाबत सभी मंत्रियों को चेतावनी जारी करते हुए कहा है कि जिन मंत्रियों के क्षेत्र में पार्टी को जीत हासिल नहीं होगी, उन मंत्रियों की कैबिनेट से छुट्टी कर दी जाएगी। अमरिंदर सिंह के इस बयान से पंजाब में सियासी हचलच तेज हो गई है।

कैप्टन की इस घोषणा में उनके हार का डर साफ-साफ झलक रहा है। उन्हें लोकसभा चुनाव में अपनी पार्टी के जीत पर संदेह है और शायद वो चुनाव के परिणाम को लेकर भी थोड़े से डरे हुए लग रहे हैं। उन्हें डर है कि अगर लोकसभा चुनाव में कॉन्ग्रेस पार्टी का प्रदर्शन अच्छा नहीं रहा, तो पार्टी के भीतर उनका कद और रुतबा घटने वाली बात हो जाएगी। वैसे बीते लोकसभा चुनावों के दौरान भी राज्य में कॉन्ग्रेस का प्रदर्शन अच्छा नहीं था। शायद इसीलिए उन्होंने मंत्रियों के लिए इस तरह की चेतावनी जारी की है।

कैप्टन का कहना है कि ये निर्देश उन्हें पार्टी हाईकमान की तरफ से ही मिले हैं। कैप्टन सिंह ने अपने लिखित बयान में अपने मंत्रियों, नेताओं और विधायकों से कहा है कि वह पार्टी को अपने-अपने इलाके में जितवाएँ और अगर ऐसा नहीं होता है, तो उन्हें मंत्री पद से हाथ धोना पड़ सकता है। इसके साथ ही विधायकों से यह भी कहा गया है कि जिस विधायक के क्षेत्र में वोट कम होंगे, उनको अगले विधानसभा चुनाव में टिकट नहीं दिया जाएगा।

इतना ही नहीं, पंजाब सरकार में चैयरमैन पद भी लोकसभा चुनावों में प्रदर्शन के आधार पर मिलेगा। कैप्टन अमरिंदर सिंह ने कहा कि पार्टी ने साफ किया है कि पंजाब की सभी 13 लोकसभा सीटों को जीतने के मिशन के प्रति किसी तरह की कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। बता दें कि पंजाब में लोकसभा चुनाव के लिए आखिरी यानी सातवें चरण में 19 मई को मतदान होने वाला है।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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