Sunday, October 17, 2021
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उत्तर प्रदेश: बसपा के पूर्व मंत्री बशीर चौधरी पर सांप्रदायिक माहौल बिगाड़ने के आरोप में केस दर्ज

पुलिस के मुताबिक़, पूर्व मंत्री की यह हरकत दो समुदायों के बीच नफ़रत फैलाने और माहौल बिगाड़ने की कोशिश है। उनके इस बयान की वजह से कभी भी तनाव पैदा हो सकता था, इतना ही नहीं उन्होंने अपने वीडियो में एक हिंदूवादी संगठन (अखिल भारतीय हिंदू महासभा) के सदस्यों को मोहल्ले में न घुसने की चेतावनी दी।

आगरा स्थित मंटोला थाना में बहुजन समाज पार्टी के पूर्व मंत्री बशीर चौधरी के विरुद्ध मामला दर्ज किया गया है। हाल ही में उनका एक वीडियो में सामने आया जिसमें वह सांप्रदायिक माहौल बिगाड़ने वाले बयान देते हुए नजर आ रहे हैं। पूर्व मंत्री पर आरोप है कि उसने लोगों की धार्मिक भावनाएँ आहत करने की मंशा से यह वीडियो सोशल मीडिया पर साझा किया। बशीर साल 2002 में बसपा के टिकट पर आगरा छावनी विधानसभा क्षेत्र से चुनाव जीत चुके हैं। 

पुलिस के मुताबिक़, पूर्व मंत्री की यह हरकत दो समुदायों के बीच नफ़रत फैलाने और माहौल बिगाड़ने की कोशिश है। उनके इस बयान की वजह से कभी भी तनाव पैदा हो सकता था, इतना ही नहीं उन्होंने अपने वीडियो में एक हिंदूवादी संगठन (अखिल भारतीय हिंदू महासभा) के सदस्यों को मोहल्ले में न घुसने की चेतावनी दी। नतीजतन बशीर चौधरी पर भारतीय दंड संहिता की धारा 153 A, 295 A और प्रावधान 67 आईटी एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया। पुलिस अपनी तरफ से इस मामले की विवेचना कर रही है।   

दरअसल, शनिवार 29 अगस्त को अखिल भारतीय हिंदू महासभा के कुछ सदस्यों ने हाथी घाट क्षेत्र के पास दो ऐसे वाहन पकड़े जिन पर माँस लदा हुआ था। इस घटना की जानकारी मिलते ही संगठन के तमाम लोगों ने आगरा के मंटोला क्षेत्र में विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान उन्होंने माँग उठाई कि शहर में होने वाली गौ हत्या और गौ तस्करी पर रोक लगाई जाए। ऐसा करने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाए। 

इस विरोध प्रदर्शन के बाद बशीर चौधरी ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो साझा किया। जिसमें उन्होंने अखिल भारतीय हिंदू महासभा के सदस्यों को चेतावनी दी कि भविष्य में कभी मंटोला आने की हिम्मत न करें। इसके अलावा बशीर चौधरी ने वीडियो में माहौल बिगाड़ने वाली कई अन्य बातें कही। कुछ ही देर में लोगों ने इस वीडियो पर खूब प्रतिक्रिया दी और निंदा भी की। कथित तौर पर बशीर ने वीडियो में दो समुदायों के बीच घृणा फैलाने वाली बातें भी कही हैं। वीडियो वायरल होने के बाद मंटोला थाने की पुलिस ने बशीर चौधरी पर मामला दर्ज करके उसे गिरफ्तार कर लिया। 

बसपा सरकार के पूर्व मंत्री का विवादों से संबंध नया नहीं है। पिछले महीने भी मंटोला थाना में बशीर चौधरी के विरुद्ध मामला दर्ज किया गया था। इस मामले में बशीर बकरा बेचने वाले संप्रदाय विशेष के लोगों को पुलिस के विरुद्ध भड़का रहा था। बकरीद के दौरान महामारी को देखते हुए मंटोला पुलिस ने बाज़ार में बकरा मंडी लगाने की अनुमति नहीं दी थी। पुलिस के इस आदेश को ताक पर रखते हुए बशीर चौधरी ने बकरा बेचने वाले संप्रदाय विशेष के लोगों से कहा उन्हें बिना रोक टोक बकरा बेचना चाहिए। बशीर ने कहा, “किसी को भागने या कहीं जाने की ज़रूरत नहीं है, यहाँ कोई चरस गाँजा नहीं बेच रहा है। जब तक मैं यहाँ हूँ कोई तुम्हें छू भी नहीं सकता है। सब बेफ़िक्र होकर अपना धंधा करो।” 

बशीर वही नेता है जिस पर साल 2018 के दौरान उसकी पत्नी ने घरेलू हिंसा का आरोप लगाया था। साल 2013 में पूर्व मंत्री की गर्भवती पत्नी ने उसके विरुद्ध दहेज़ के लिए प्रताड़ित करने और अप्राकृतिक सेक्स का दबाव बनाने का मामला दर्ज कराया था। बशीर की तीसरी पत्नी नगमा ने यह आरोप भी लगाया है कि उसके किसी अन्य महिला से संबंध हैं। जब उसने इन बातों का विरोध किया तब बशीर ने उसके साथ मारपीट की। साल 2002 में बशीर ने आगरा की छावनी विधानसभा सीट से चुनाव जीता था। 

इसके बाद वह कैबिनेट मंत्री भी बना था। फिर उसने देवरिया की विधायक चौधरी गज़ाला लारी से निकाह किया और समाजवादी पार्टी में शामिल हो गया। उसने समाजवादी पार्टी से भी चुनाव लड़ा लेकिन बसपा नेता से हार गया था। इसके बाद बशीर कॉन्ग्रेस में शामिल हुआ और उसने आगरा की दक्षिणी विधानसभा सीट से टिकट माँगा पर उसे टिकट नहीं दिया गया। साल 2012 में उसने राष्ट्रीय समता दल नाम के राजनीतिक दल से चुनाव लड़ा और वह भी हार गया।         

 

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ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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