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इंडिया टुडे ने न्यूजलॉन्ड्री के ‘पत्रकारों’ पर ठोका केस, माँगा ₹2 करोड़ का हर्जाना: जानिए क्या है मामला

जैन के अनुसार, न्यूजलॉन्ड्री के सीईओ अभिनंदन सेखरी, डायरेक्टर प्रशांत सरीन और रूपक कपूर, कार्यकारी संपादक मनीषा पांडे और अतुल चौरसिया, प्रबंध संपादक रमन कृपाल, संवाददाता आयुष तिवारी और स्तंभकार हृदयेश जोशी को इस मामले में पक्षकार बनाया गया है।

इंडिया टुडे ने न्यूजलॉन्ड्री के ‘पत्रकारों’ के खिलाफ वेबसाइट पर प्रकाशित लेखों को लेकर मुकदमा दायर किया है। ग्रुप ने उनसे 2 करोड़ रुपए का हर्जाना भी माँगा है। न्यूजलॉन्ड्री के ‘पत्रकार’ आयुष तिवारी ने ट्वीट कर यह जानकारी दी है। तिवारी ने ट्वीट किया है, “न्यूजलॉन्ड्री के मेरे सहयोगियों और मुझ पर इंडिया टुडे ग्रुप ने मुकदमा दायर किया है। उसने 2 करोड़ रुपए के हर्जाने के साथ स्थायी निषेधाज्ञा की माँग की है। मुझे 2 वर्षों में इस मीडिया समूह पर की गई 2 स्टोरी के लिए निशाने पर लिया गया है।”

आयुष ने अपने ट्वीट थ्रेड में उन लेखों का भी जिक्र किया है। ऐसे एक लेख में उन्होंने सवाल किया था कि इंडिया टुडे के अन्य एंकरों को राजदीप सरदेसाई की तरह दंडित क्यों नहीं किया गया? तिवारी के अनुसार, इंडिया टुडे ने इस लेख को बेहद घटिया (vicious) बताया है।

तिवारी का दूसरा लेख गौरव सावंत पर था। इस एंकर को उन्होंने ‘फेक न्यूज डिपार्टमेंट में जाना-माना अपराधी’ कहा था, जिसे उनके चैनल ने विवादित बताया है। तिवारी ने कहा कि इंडिया टुडे ने दिल्ली हाई कोर्ट से न्यूजलॉन्ड्री को चैनल और उसके एंकरों के खिलाफ कोई भी अपमानजनक सामग्री लिखने, ट्वीट करने या प्रकाशित करने से रोकने का अनुरोध किया है।

इंडिया टुडे ने यह भी आरोप लगाया है कि न्यूजलॉन्ड्री ने कॉपीराइट का उल्लंघन किया है। बूम लाइव की रितिका जैन के अनुसार, “चैनल के समाचार, रिपोर्टिंग, प्रबंधन और न्यूज एंकरों के बारे में अनुचित, अपमानजनक और दुर्भावनापूर्ण रूप से अपमानजनक टिप्पणी की गई है।”

जैन के अनुसार, न्यूजलॉन्ड्री के सीईओ अभिनंदन सेखरी, डायरेक्टर प्रशांत सरीन और रूपक कपूर, कार्यकारी संपादक मनीषा पांडे और अतुल चौरसिया, प्रबंध संपादक रमन कृपाल, संवाददाता आयुष तिवारी और स्तंभकार हृदयेश जोशी को इस मामले में पक्षकार बनाया गया है। साथ ही सोशल मीडिया दिग्गज ट्विटर, फेसबुक और गूगल को भी इस मुकदमे में पक्षकार बनाया गया है। वहीं, गौरव सावंत ने अभी तक अपने ट्विटर अकाउंट पर इस मामले पर कुछ भी नहीं कहा है।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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