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चीन को करारा जवाब देते हुए भारत ने पाकिस्तानी प्रोपगेंडा की भी खोली पोल, कहा- घरेलू नाकामियों को छिपाने का है प्रयास

विदेश मंत्रालय प्रवक्ता अनुराग श्रीवास्तव ने चीन का बयान खारिज करते हुए कहा कि सम्पूर्ण जम्मू-कश्मीर और अरुणाचल प्रदेश हमारा अभिन्न अंग है और चीन को इस मसले पर कुछ भी बोलने का अधिकार नहीं है। उन्होंने कहा, "यह हमारे अंदरुनी मसले में दखलंदाजी है, जिसके बारे में चीन को बार-बार बता दिया गया है।"

भारत ने लद्दाख पर दिए चीन के बयान का गुरुवार (अक्टूबर 15, 2020) को दो टूक जवाब दिया है। विदेश मंत्रालय की ओर से आज साफ कहा गया है कि भारत के आतंरिक मामलों में दखलअंदाजी करने का अधिकार चीन को बिलकुल नहीं है।

विदेश मंत्रालय प्रवक्ता अनुराग श्रीवास्तव ने चीन का बयान खारिज करते हुए कहा कि सम्पूर्ण जम्मू-कश्मीर और अरुणाचल प्रदेश हमारा अभिन्न अंग है और चीन को इस मसले पर कुछ भी बोलने का अधिकार नहीं है। उन्होंने कहा, “यह हमारे अंदरुनी मसले में दखलंदाजी है, जिसके बारे में चीन को बार-बार बता दिया गया है।”

बता दें कि भारत के चीन से लगे 7 राज्‍यों और केंद्रशासित प्रदेशों में 44 नए पुल बनाए जाने पर चीन के विदेश मंत्रालय के प्रवक्‍ता झाओ लिजिन ने तीखी प्रतिक्रिया देते हुए कहा था कि चीन भारतीय पक्ष द्वारा अवैध रूप से स्थापित किए गए लद्दाख केंद्र शासित प्रदेश और अरुणाचल प्रदेश को मान्यता नहीं देता है और वह सैन्‍य निगरानी व नियंत्रण के लिए किसी भी आधारभूत ढाँचे का चीन विरोध करते हैं।

इसके बाद MEA प्रवक्ता ने पाकिस्तान के NSA के बयान को खारिज करते हुए कहा कि भारत की तरफ से बातचीत की कोई पेशकश नहीं कई गई है। यह सब सिर्फ़ पाकिस्तान का प्रोपगेंडा है। अपनी अंदरुनी नाकामियों को छिपाने के लिए पाकिस्तान ऐसा कर रहा है।

श्रीवास्‍तव ने कहा, “हमने पाकिस्तान के एक वरिष्ठ अधिकारी के इंटरव्यू की रिपोर्ट देखी है। भारत की ओर से ऐसी बातचीत के संदर्भ में कोई भी संदेश पाक को नहीं भेजा गया है। पाकिस्तान अपनी घरेलू नाकामियों को छिपाने और जनता को गुमराह करने के लिए ऐसा बयान दे रहा है।”

विदेश मंत्रालय प्रवक्ता ने मीडिया ब्रीफिंग में पाक अधिकारी को सलाह दी कि अपनी सलाह अपने देश तक सीमित रखें और भारत की घरेलू नीति पर टिप्पणी नहीं करें। प्रवक्ता ने कहा, “उनके बयान जमीनी तथ्यों के विरोधाभासी, भ्रामक और फर्जी हैं।”

उन्होंने आगे दोहराया कि केंद्र शासित प्रदेश लद्दाख और जम्मू-कश्मीर भारत के अखंड भाग थे, हैं और भविष्‍य में भी रहेंगे। चीन को भारत के आंतरिक मामलों किसी भी तरह की बयानबाजी करने का हक नहीं है। अरुणाचल प्रदेश, लद्दाख और जम्‍मू-कश्‍मीर भारत का अभिन्न हिस्सा हैं। 

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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