Homeरिपोर्टराष्ट्रीय सुरक्षाजिस लड़ाकू जेट इंजन का अमेरिका 30 सालों से कर रहा इस्तेमाल, वो अब...

जिस लड़ाकू जेट इंजन का अमेरिका 30 सालों से कर रहा इस्तेमाल, वो अब भारत में बनेगा: GE एयरोस्पेस और HAL के बीच ऐतिहासिक समझौता

F414 इंजन मिलिट्री एयरक्राफ्ट इंजन है। अमेरिका में इसका 30 सालों से इस्तेमाल हो रहा है। कंपनी अब तक 1600 से अधिक इंजन को डिलीवर कर चुकी है। F414 इंजन में फुल अथाॉरिटी डिजिटल इलेक्ट्रॉनिक कंट्रोल FADEC सिस्टम लगा हुआ है।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Narendra Modi) की अमेरिका यात्रा के दौरान दोनों देशों के बीच रक्षा सहयोग में महत्वपूर्ण करार हुए हैं। अमेरिका की GE एयरोस्पेस ने गुरुवार (22 जून 2023) को भारतीय वायुसेना और नौसेना के लड़ाकू जेट का इंजन बनाने के लिए हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड (HAL) के साथ एक समझौता किया है।

GE ने बताया कि भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की संयुक्त राज्य अमेरिका की आधिकारिक यात्रा के बीच यह समझौता मील का एक बड़ा पत्थर है। इस समझौते को GE ने दोनों देशों के बीच रक्षा सहयोग को मजबूत करने वाला एक प्रमुख कारक बताया।

बताते चलें कि प्रधानमंत्री मोदी की यह पहली राजकीय यात्रा है और दुनिया भर में चर्चा का बना हुआ है। इससे पहले प्रधानमंत्री के रूप में मनमोहन  सिंह और राष्ट्रपति के रूप में सर्वपल्ली राधाकृष्णन अमेरिकी के राजकीय दौरे पर जा चुके हैं। यहाँ पीएम मोदी अमेरिकी कॉन्ग्रेस के संयुक्त सत्र को दूसरी बार संबोधित करेंगे। ऐसा करने वाले वे पहले भारतीय पीएम होंगे।

GE एयरोस्पेस ने इस समझौते को लेकर कहा कि समझौते में F414 इंजन शामिल हैं और यह भारतीय वायुसेना के हल्के लड़ाकू विमान MK2 का हिस्सा है। GE के अध्यक्ष और सीइओ एच. लॉरेंस कल्प जूनियर ने कहा कि F414 इंजन बेजोड़ हैं। इससे दोनों देशों की आर्थिक गतिविधियों को नई रफ्तार मिलेगी। उन्होंने कहा, “दोनों देशों के बीच निकट सहयोग के राष्ट्रपति बाइडेन और प्रधानमंत्री मोदी के सपने में अपनी भूमिका निभाते हुए हमें गर्व है।” 

कंपनी ने कहा है कि वह भारत में इंजन बनाने के लिए अमेरकी सरकार से रक्षा निर्यात संबंधी आवश्क लाइसेंस प्राप्त करने में लगी है। GE एयरस्पेस की भारत के साथ साझेदारी एविएशन, नर्सिंग सहित अन्य क्षेत्रों में भी हुई है। यह कंपनी भारत में पिछले चालीस सालों से इंजीनियरिंग, विमानन, सेवा और विनिर्माण में काम कर रही है।

F414 इंजन मिलिट्री एयरक्राफ्ट इंजन है। अमेरिका में इसका 30 सालों से इस्तेमाल हो रहा है। कंपनी अब तक 1600 से अधिक इंजन को डिलीवर कर चुकी है। F414 इंजन में फुल अथाॉरिटी डिजिटल इलेक्ट्रॉनिक कंट्रोल FADEC सिस्टम लगा हुआ है।

इसके अलावा, इसमें लेटेस्ट एयरक्राफ्ट इग्नीशन सिस्टम भी लगा है। यह इंजन को काफी पावरफुल बनाता है। इस इंजन की खास बात यह है कि यह एक बार में 98 किलोन्यूटन की ताकत पैदा करता है। दूसरे इंजन के मुकाबले अधिक चलता है। 

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

आतंकियों तक आधार पहुँचाने की साजिश किसकी? MP के ‘क्लोन Aadhar मशीन’ मामले ने बढ़ाई चिंता, अन्य राज्यों में भी फर्जी पंजीकरण के नेटवर्क...

मध्य प्रदेश के क्लोन आधार मशीन मामले के बाद जानिए, क्या दूसरे राज्यों में भी आधार पंजीकरण में ऐसी गड़बड़ियाँ सामने आई हैं।

बीमारी के बहाने निशाने पर भारत… BBC ने ’38 परजीवी’ के सहारे 19 साल पुरानी घटना पर किया बदनाम: पढ़ें- कैसे पश्चिमी मीडिया ने...

BBC ने रिपोर्ट में लिखा कि भारत घूमने आई महिला के दिमाग में 38 परजीवी मिले। यह दावा न तो मेडिकल साइंस के हिसाब से सही और न इसमें कोई सच्चाई।
- विज्ञापन -