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कश्मीर में अल-कायदा का सरगना हामिद लोन साथियों संग ढेर, ज़ाकिर मूसा के मारे जाने के बाद सँभाली थी कमान

पुलवामा के अवंतिपोरा इलाके के राजपुरा गाँव में करीब चार घंटे मुठभेड़ चली। मारे गए आतंकियों के पास से भारी मात्रा में गोला-बारूद बरामद हुआ है। ढेर हुए दो अन्य आतंकियों की पहचान नवीद टाक और जुनैद बट्ट के तौर पर की गई है।

जम्मू-कश्मीर में सुरक्षा बलों के हाथ बड़ी कामयाबी लगी है। पुलवामा जिले में हुई मुठभेड़ में जवानों ने तीन आतंकियों को मार गिराया। इनमें हामिद लोन भी है। वह अल-कायदा के कश्मीर यूनिट का सरगना था। जाकिर मूसा के मारे जाने के बाद उसने इस आतंकी समूह की कमान सॅंभाली थी।

मुठभेड़ मंगलवार (अक्टूबर 22, 2019) को पुलवामा के अवंतिपोरा इलाके के राजपुरा गाँव में करीब चार घंटे चली। मारे गए आतंकियों के पास से भारी मात्रा में गोला-बारूद भी बरामद हुआ। ढेर हुए दो अन्य आतंकियों की पहचान नवीद टाक और जुनैद बट्ट के तौर पर की गई है।

प्राप्त जानकारी के मुताबिक, सेना को मंगलवार (अक्टूबर 22, 2019) की दोपहर पुलवामा के अवंतिपोरा के पास कुछ आतंकियों के होने की सूचना मिली थी। इसके सेना की राष्ट्रीय राइफल्स, जम्मू-कश्मीर पुलिस की एसओजी और सीआरपीएफ की टीमों को मौके पर भेजा गया। इलाके में सख्त घेराबंदी की गई और राजपुरा गाँव के सभी एंट्री पॉइंट्स सील कर दिए गए। घर-घर की तलाशी ली गई।

सुरक्षाबल की सख्ती देखकर आतंकी घबरा गए और उन्होंने जवानों पर फायरिंग करके वहाँ से भागने की कोशिश की। राष्ट्रीय राइफल्स के जवानों ने उनके ठिकाने को घेर लिया और जवाबी कार्रवाई शुरू की गई। करीब 4 घंटे तक चली मुठभेड़ के बाद रात के करीब 8 बजे सुरक्षाबल ने तीन आतंकियों को ढेर कर दिया।

जाकिर मूसा इसी साल मई में मार गिराया गया था। उसके मारे जाने के दो हफ्ते बाद हामिद कमांडर घोषित किया गया था। 30 वर्षीय हामिद पुलवामा का ही रहने वाला था। जुलाई 2017 में मूसा अल कायदा के कश्मीर यूनिट का कमांडर बना था। उससे पहले वह हिज्बुल मुजाहिद्दीन से जुड़ा था। 2016 में बुरहानी वानी के मार गिराए जाने के बाद उसने ही हिज्बुल की कमान सॅंभाली थी।

जाकिर मूसा इसी साल मई में मार गिराया गया था। उसके मारे जाने के दो हफ्ते बाद हामिद कमांडर घोषित किया गया था। 30 वर्षीय हामिद पुलवामा का ही रहने वाला था। जुलाई 2017 में मूसा अल-कायदा के कश्मीर यूनिट का कमांडर बना था। उससे पहले वह हिज्बुल मुजाहिद्दीन से जुड़ा था। 2016 में बुरहानी वानी के मार गिराए जाने के बाद उसने ही हिज्बुल की कमान सॅंभाली थी।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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