UNESCO के विश्व धरोहर स्थल हम्पी पर हुड़दंगियों ने मचाया उत्पात

ऐसी ऐतिहासिक और सांस्कृतिक रूप से महत्वपूर्ण स्थान पर पर्याप्त सुरक्षाकर्मियों की कमी और पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था पर लोगों ने चिंता और ग़ुस्सा व्यक्त किया।

कर्नाटक स्थित हम्पी नगर यूनेस्को के विश्व धरोहर स्थलों में से एक है। यहीं पर हुड़दंगियों द्वारा मचाये गए उत्पात का एक वीडियो वायरल हुआ है। इस वीडियो में 14वीं शताब्दी के विष्णु मंदिर के खंभे को तोड़ते हुए 3 लोगों को देखा जा सकता है। और तो और खंभों के टूट जाने के बाद तीनों उपद्रियों द्वारा उसका बहिष्कार करते भी देख सकते हैं।

राज्य के जल संसाधन मंत्री डी के शिवकुमार ने कहा कि नक़्क़ाशीदार खंभों को गिराने में जो लोग भी जिम्मेदार हैं, उन उपद्रवियों के ख़िलाफ़ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। शिवकुमार, जो बल्लारी के ज़िला प्रभारी मंत्री भी हैं, उन्होंने पुलिस बलों को अपराधियों पर नज़र रखने और उनके ख़िलाफ़ कार्रवाई शुरू करने का आदेश दिया है।

उन्होंने कहा, “हम अपने ऐतिहासिक स्थलों पर इस तरह की बर्बरता बर्दाश्त नहीं करेंगे। बता दें कि बेल्लारी के पुलिस अधीक्षक अरुण रंगराजन ने कहा कि आरोपियों को जल्द ही गिरफ़्तार कर लिया जाएगा।

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हालाँकि, हम्पी जैसे ऐतिहासिक स्थल पर ऐसी बर्बरता ने स्थानीय लोगों के साथ-साथ सोशल मीडिया पर भी काफी ध्यान आकर्षित किया है। इस तरह के कृत्य पर लोगों ने काफी नाराज़गी भी जताई। ऐसे ऐतिहासिक और सांस्कृतिक रूप से महत्वपूर्ण स्थानों पर पर्याप्त सुरक्षाकर्मियों की कमी और पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था के बारे में लोगों ने अपनी चिंता और ग़ुस्सा व्यक्त किया। हम्पी में स्थानीय लोगों ने बर्बरता से नाराज़ होकर, घटना के विरोध में सड़कों पर उतर कर प्राचीन स्थल पर पर्याप्त सुरक्षा उपायों की माँग की।

आपको बता दें कि हम्पी के प्राचीन शहर की विरासत लगभग 42 वर्ग किलोमीटर तक फैली हुई है। इसमें 1,600 से अधिक स्मारक शामिल हैं। इन अवशेषों में मंदिर, महल, बाज़ार और सार्वजनिक स्नानघर भी शामिल हैं। अधिकांश संरचनाएँ 14वीं शताब्दी से 16वीं शताब्दी के बीच निर्मित की गई थीं।

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"ज्ञानवापी मस्जिद पहले भगवान शिव का मंदिर था जिसे मुगल आक्रमणकारियों ने ध्वस्त कर मस्जिद बना दिया था, इसलिए हम हिंदुओं को उनके धार्मिक आस्था एवं राग भोग, पूजा-पाठ, दर्शन, परिक्रमा, इतिहास, अधिकारों को संरक्षित करने हेतु अनुमति दी जाए।"

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