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‘दुष्ट (शशि) का बचाव कर प्रायश्चित की जगह झूठ बोल रहे’: करण थापर को महुआ मोइत्रा के पूर्व प्रेमी ने दिया जवाब – चुप रहने का दबाव बनाया, पीड़िता की प्रतिष्ठा को ठेस पहुँचाई

उन्होंने कहा कि करण थापर का टेक्स्ट मैसेज एक दुष्ट व्यक्ति का बचाव करने के लिए थे, उन्हें अपनी हरकत पर भयाकुल होना चाहिए, शर्म आनी चाहिए।

अधिवक्ता जय अनंत देहाद्राई ने एजेण्डाबाज पत्रकार करण थापर का एक टेक्स्ट मैसेज सार्वजनिक किया गया, जिसमें उन्होंने कॉन्ग्रेस सांसद शशि थरूर के खिलाफ कदम न उठाने की चेतावनी दी थी। जय अनंत देहाद्राई ने आरोप लगाया था कि ताज होटल में पूर्व केंद्रीय विदेश राज्यमंत्री शशि थरूर ने एक महिला का यौन शोषण किया। जय अनंत देहाद्राई, TMC की महुआ मोइत्रा के पूर्व प्रेमी हैं। उनकी ही शिकायत पर महुआ मोइत्रा की न सिर्फ सांसदी गई, बल्कि उनके खिलाफ ED-CBI की जाँच भी शुरू हुई।

करण थापर ने ‘The Wire’ के माध्यम से बयान जारी करते हुए कहा कि ये टेक्स्ट मैसेज उन्होंने अक्टूबर 2022 में भेजा था, जिसे जय अनंत देहाद्राई अब सार्वजनिक कर रहे हैं ताकि इसके कंटेंट को तोड़-मरोड़ सकें और इसका गलत मतलब प्रचारित कर सकें। करण थापर का कहना है कि उस समय शशि थरूर कॉन्ग्रेस अध्यक्ष का चुनाव लड़ रहे थे और उन्हें बदनाम करने की मंशा के साथ जय अनंत देहाद्राई ने कई अज्ञात महिलाओं के साथ यौन शोषण किए जाने का आरोप लगाते हुए मैसेज भेजे।

करण थापर का कहना है कि जय अनंत देहाद्राई ने उनके जिस मैसेज का स्क्रीनशॉट शेयर किया है, उसमें जिस महिला का नाम छिपाया गया है उसे वो अच्छी तरह जानते हैं और उन्होंने उस महिला से संपर्क किया था तो उसने किसी भी प्रकार के ऐसे आरोपों को नकार दिया। बकौल करण थापर, उन्होंने जय अनंत देहाद्राई को कॉल किया ताकि वो उन्हें शशि को बदनाम करना बंद करें, लेकिन उन्होंने कॉल नहीं उठाया तो टेक्स्ट मैसेज करना पड़ा, जिसे अब सार्वजनिक कर दिया गया है।

करण थापर ने अपने बयान में लिखा है, “मेरा इरादा सादा और स्पष्ट था – जय अनंत देहाद्राई को शशि को बदनाम करने से रोकना और जिस महिला का नाम छिपाया गया है उसकी प्रतिष्ठा को ठेस पहुँचाने से रोकना। जय अनंत देहाद्राई बिना कुछ छिपाए मैसेज सार्वजनिक करते तो सब कुछ स्पष्ट होता। उन्होंने दावा किया कि मैं ‘गंदे शशि’ को बचा रहा हूँ, ये बेवकूफाना है क्योंकि उन्हें बचाव की ज़रूरत नहीं है और मैं नहीं मानता कि वो किसी भी तरह से गंदे हैं। मैं सिर्फ उस महिला को बचा रहा था जिसका नाम छिपाया गया है।”

करण थापर का कहना है कि अगर वकील जय अनंत देहाद्राई इज्जतदार व्यक्ति हैं तो उन्होंने बिना कुछ छिपाए पूरा मैसेज सार्वजनिक करना चाहिए। साथ ही उन्होंने इस पर हैरानी जताई कि लोकसभा चुनाव 2024 से पहले ही इस मैसेज को क्यों सार्वजनिक किया गया है। जय अनंत देहाद्राई ने करण थापर के बयान का जवाब देते हुए कहा कि वो शशि से बात में निपटेंगे। फिर उन्होंने करण थापर के पलटवार का जवाब जारी करते हुए कहा कि वो उनके बयान से निराश हैं।

जय अनंत देहाद्राई के अनुसार, करण थापर ने एक आदतन यौन अपराधी का बचाव करने के बाद प्रायश्चित करने की बजाए उन्होंने झूठ बोलना और उनका बचाव करना चुना है। उन्होंने कहा कि करण थापर का टेक्स्ट मैसेज एक दुष्ट व्यक्ति का बचाव करने के लिए थे, उन्हें अपनी हरकत पर भयाकुल होना चाहिए, शर्म आनी चाहिए। उन्होंने कहा कि इसे और स्पष्ट करने की ज़रूरत नहीं है, करण थापर का स्वागत है कि वो उनके द्वारा भेजे गए मैसेज सार्वजनिक करें लेकिन सच्चाई है कि ऐसा कोई मैसेज है ही नहीं।

जय अनंत देहाद्राई ने कहा, “करण थापर ने कई बार फोन कॉल कर के मुझसे याचना की कि मैं चुप रहूँ, क्योंकि इससे कॉन्ग्रेस अध्यक्ष पद के चुनाव में उनके प्रदर्शन पर असर पड़ेगा। मैं इससे परेशान हुआ। दबाव के कारण मैंने उनका कॉल उठाने बंद कर दिए, जिसकी व्याकुलता उनके मैसेज में झलक रही है। करण थापर मुझे इज्जतदार होने की सलाह देते हैं। जबकि उन्होंने ही पीड़िता की प्रतिष्ठा को ठेस पहुँचाने का काम किया। उलटा उन्होंने मुझे ये कह कर चुप कराने की कोशिश की कि इससे पीड़िता परेशान होगी।”

बता दें कि जय अनंत देहाद्राई ने जो स्क्रीनशॉट शेयर किया था, उसमें करण थापर ने उन्हें लिखा था, “जय, चूँकि तुम मुझसे बात नहीं करते हो इसीलिए मैंने सोचा कि मैं तुम्हें टेक्स्ट करूँ। अगर तुम सब कुछ सार्वजनिक कर देते हो और उनकी प्रतिष्ठा व राजनीतिक करियर को हानि पहुँचाओगे, तबाह करोगे तो इसका शशि पर कोई असर नहीं पड़ेगा क्योंकि वो चुनाव हारने जा रहे हैं। तुमने मुझे बताया है कि उन्होंने इससे पहले कई बार ऐसा किया, तो मुझे लगता है कि लोग इस बारे में जानते हैं।”

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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