दुबई में IACAD संस्था ने साल 2025 के शुरुआती छह महीनों में 3600+ लोगों को इस्लाम कबूलवाया है। यह काम मोहम्मद बिन राशिद सेंटर फॉर इस्लामिक कल्चर के जरिए हुआ है।
केरल के एर्नाकुलम जिले में 23 वर्षीय सोना एल्धोसे ने धर्म परिवर्तन के दबाव में आकर आत्महत्या कर ली। युवती को मोहम्मद रमीस इस्लाम अपनाने के लिए मजबूर कर रहा था।
बिहार के कटिहार में 200-250 जनजातीय लोगों को ईसाई बनाने की साजिश की जा रही थी। इससे पहले की मिशनरी अपने मंसूबों में कामयाब हो पाते बजरंग दल से जुड़े लोगों ने इसे रुकवा दिया।
उत्तर प्रदेश के वाराणसी में मुस्लिम भीड़ ने काँवड़ियों को बेरहमी से पीटा। काँवड़िए हर-हर महादेव और बोल बम के जयकारे लगा रहे थे, यह इस्लामी कट्टरपंथियों को नागवारा हुआ।
आगरा से जुड़े धर्मांतरण गिरोह ने 2050 तक पूरे देश में इस्लाम फैलाने का टारगेट सेट किया था। इसके लिए नए लोगों को जोड़ने में लगे थे। गिरोह का नेटवर्क पाकिस्तान और जम्मू-कश्मीर में भी था।