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भोपाल के ‘मुस्लिम गैंग’ पर आरोप तय, जबरन धर्मांतरण-रेप-मारपीट मामले में मिले पर्याप्त सबूत: फरहान-साहिल-अबरार समेत 6 अपराधी हुए हैं गिरफ्तार

जिन 6 आरोपितों को जिला न्यायालय ने अभियुक्त बनाया है उनपर हिंदू लड़कियों से रेप और धर्मांतरण के मुकदमे दर्ज किए गए थे। मामला सामने आने के बाद सबसे पहले गैंग का सरगना फरहान पकड़ा गया था, जिसके खिलाफ दो बहनों ने प्राथमिकी दर्ज होने के बाद 13 अप्रैल 2025 को गिरफ्तार किया गया था।

भोपाल में हिन्दू लड़कियों को निशाने पर लेकर उनका रेप करने वाला ‘मुस्लिम गैंग’ पर जिला न्यायालय ने आरोप तय कर दिए हैं। मुख्य आरोपित फरहान खान और उसके 5 साथियों को कोर्ट ने दुष्कर्म, मारपीट, जबरन धर्मांतरण, अश्लील वीडियो बनाने और हत्या के प्रयास में अभियुक्त माना है।

नई दुनिया की रिपोर्ट के मुताबिक, कोर्ट ने गैंग के सदस्यों को BNS की धारा 61(2), 64, 115(2), 35(2), 66(E), 296 और मध्य प्रदेश धार्मिक स्वतंत्रता अधिनियम 2021 की धारा 3/5 के तहत अभियुक्त बनाया है। मामले की अगली सुनवाई 01 सितंबर 2025 को होगी। इस दिन एडिशनल पब्लिक प्रोसेक्यूटर कोर्ट में ट्रायल शुरू करेंगे, जिसके बाद गवाही शुरू की जाएगी।

ऑपइंडिया ने इस मामले में विस्तार से खबरें की हैं। भोपाल के ‘मुस्लिम गैंग’ की सारी करतूतें और उनकी गिरफ्तारी से लेकर हर कदम पर हमारी वेबसाइट ने खबरें छापी हैं।

मामले में कब कौन हुआ गिरफ्तार

जिन 6 आरोपितों को जिला न्यायालय ने अभियुक्त बनाया है उनपर हिंदू लड़कियों से रेप और धर्मांतरण के मुकदमे दर्ज किए गए थे। मामला सामने आने के बाद सबसे पहले गैंग का सरगना फरहान पकड़ा गया था, जिसके खिलाफ दो बहनों ने प्राथमिकी दर्ज होने के बाद 13 अप्रैल 2025 को गिरफ्तार किया गया था।

इसके बाद 20 अप्रैल 2025 को दूसरे आरोपित साद को पुलिस ने गिरफ्तार किया। इसके बाद लगातार FIR दर्ज होने के साथ-साथ आरोपितों के पकड़े जाने की कड़ी चलती रही। तीसरे आरोपित साहिल पन्ना को पुलिस ने 27 अप्रैल 2025 तो वहीं चौथे आरोपित अली को 28 अप्रैल 2025 को गिरफ्तार किया।

इसी के दो दिन बाद 1 मई 2025 को पाँचवा आरोपित नबील भी पुलिस के हत्थे चढ़ गया। हालाँकि छठा आरोपित अबरार काफी दिनों की पुलिस की गिरफ्त से फरार रहा। 30 जून 2025 को इटारसी से पुलिस ने अबरार को पकड़ा

रिपोर्ट्स के अनुसार, पूरे मामले में 57 गवाहों की सूची के साथ 240 पन्नों का चालान तैयार कर जिला न्यायालय में जज नीलम मिश्रा की कोर्ट में पेश किया गया था।

क्या था मामला ?

भोपाल के पिपलानी थाना क्षेत्र के कोकता स्थित निजी कॉलेज में ‘मुस्लिम गैंग’ ने कई छात्राओं से रेप किया। छात्राओं को दोस्ती का झाँसा देकर फँसाया गया। आरोपितों ने पहले लड़कियों को अपने प्रेम जाल में उलझाया, फिर उनके साथ जबरदस्ती शारीरिक संबंध बनाए। इतना ही नहीं, उन्होंने पीड़िताओं पर धर्म बदलने का दबाव डाला और हिंदू धर्म के खिलाफ अपमानजनक टिप्पणियाँ कीं।

रेप कर उनका वीडियो बनाया गया। वायरल करने की धमकी दी गई। इसके बाद 12 अप्रैल 2025 को भोपाल के बागसेवनिया थाने में दो लड़कियों ने एफआईआर लिखवाई कि फरहान और उसके साथियों ने मिलकर उसके साथ रेप और ब्लैकमेलिंग समेत कई घटनाओं को अंजाम दिया है। इसके बाद पुलिस ने कार्रवाई करते हुए 13 अप्रैल को फरहान को गिरफ्तार किया।

एक शिकायत के बाद 5 अन्य पीड़िताओं ने भी हिम्मत दिखाई और FIR दर्ज करवाई। मामले की तह खुलती गई तो फरहान के अलावा 6 और आरोपित भी पुलिस के हत्थे चढ़े। इसके बाद पुलिस ने मामले की गहन पड़ताल की और मामले की चार्जशीट दाखिल की। इसमें मेडिकल रिपोर्ट, डिजिटल सुबूत और गवाहों के बयान आदि को शामिल किया गया।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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