मुस्लिम युवकों ने उन्हें मोटरसाइकल से जाते देख कर उनका पीछा किया। फिर उनका रास्ता रोककर खड़े हो गए। लड़की को बाइक से उतार कर उसके ऊपर हमला किया। लड़के को घसीटते हुए बेल्ट से मारा, चाकू से वार किया।
नाबालिग आरोपित ने सबसे पहले बुजुर्ग महिला के मुँह में कपड़ा ठूँस दिया, जिससे वह चिल्ला न सके और विरोध करने पर उसने बुजुर्ग महिला को जान से मारने की धमकी दी। महिला ने जब शोर मचाया तो घर के लोग और ग्रामीण पहुँचे, इसके बाद उन्होंने आरोपित युवक को पकड़ लिया और उसकी जमकर पिटाई की।
फोटोकॉपी की दुकान चलाने वाले मुहम्मद फ़िज़ान ने अपनी एक फोटो फेसबुक पर यह कहते हुए पोस्ट की थी कि वो बीफ का सूप पी रहा है और उसे ये बहुत पसंद आ रहा है। इसी फोटो को लेकर स्थानीय युवकों के साथ फ़िज़ान की बहस हुई और...
आजमगढ़ के एसपी त्रिवेणी सिंह ने बताया कि इस गैंग को धरने वाली पुलिस टीम को 25,000 रुपए के पुरस्कार से सम्मानित किया गया है। उन्होंने बताया कि मुखबिर से आजमगढ़ के कोतवाली क्षेत्र में गोकशी का काम किए जाने की सूचना मिली थी।
नाबालिग की माँ दिहाड़ी मजदूर हैं। 3 जुलाई को नाबालिग लड़की और उसकी दादी के बीच में किसी बात को लेकर बहस हो गई, इसके बाद लड़की ने गुस्से में अपना घर छोड़ दिया। इसी का फायदा उठाकर सबीना और मुबीना ने उसे बहलाया-फुसलाया। फिर उसे निशा के घर ले गईं जहाँ...
पुलिस ने घटना के बाद आश्वासन दिया था कि वे इस मामले में दोषी को एक महीने के भीतर सजा दिलाने का प्रयास करेंगे, जो कि हुआ भी। गिरफ्तारी के तुरंत बाद कोर्ट में चालान पेश किया गया और विष्णु को दोषी करार दिया गया।
पुलिस का कहना है कि आरिफ तांत्रिक का काम भी करता है। बताया गया है कि मदरसे में एक सेफ में दवाइयों के डिब्बे रखे थे, इन्हीं में से हथियार मिले हैं। सीओ कृपा शंकर कनौजिया का कहना है कि पुलिस को सूचना मिली थी कि मदरसे में कुछ बाहरी लोगों का आना जाना है, इसी आधार पर छापेमारी की गई।
''मुझे उन देशों पर गर्व है जो समलैंगिक लोगों और ट्रांसजेंडरों को सम्मान देते हैं। मुझे अपने सहयोगी भारतीयों पर भी गर्व है। यह मेरी गलती नहीं है कि मैं समलैंगिक हूँ, यह भगवान की गलती है। मुझे अपनी जिंदगी से नफरत है।"
छात्राओं ने आरोप लगाया कि हॉस्टल वार्डन उनसे मालिश करने को भी कहती थी। घटना की सूचना मिलते ही हॉस्टल में रहने वालीं सभी 80 छात्राओं के परिजन अपनी-अपनी बच्चियों को वापस घर ले गए।
पुलिस ने बताया कि आरोपितों के ख़िलाफ़ भारतीय दंड संहिता की धारा 366 (ए) के तहत 10वीं कक्षा की छात्रा के साथ सामूहिक बलात्कार के आरोप में मामला दर्ज कर लिया गया है।