पुलिस ने घटना के बाद आश्वासन दिया था कि वे इस मामले में दोषी को एक महीने के भीतर सजा दिलाने का प्रयास करेंगे, जो कि हुआ भी। गिरफ्तारी के तुरंत बाद कोर्ट में चालान पेश किया गया और विष्णु को दोषी करार दिया गया।
पुलिस का कहना है कि आरिफ तांत्रिक का काम भी करता है। बताया गया है कि मदरसे में एक सेफ में दवाइयों के डिब्बे रखे थे, इन्हीं में से हथियार मिले हैं। सीओ कृपा शंकर कनौजिया का कहना है कि पुलिस को सूचना मिली थी कि मदरसे में कुछ बाहरी लोगों का आना जाना है, इसी आधार पर छापेमारी की गई।
''मुझे उन देशों पर गर्व है जो समलैंगिक लोगों और ट्रांसजेंडरों को सम्मान देते हैं। मुझे अपने सहयोगी भारतीयों पर भी गर्व है। यह मेरी गलती नहीं है कि मैं समलैंगिक हूँ, यह भगवान की गलती है। मुझे अपनी जिंदगी से नफरत है।"
छात्राओं ने आरोप लगाया कि हॉस्टल वार्डन उनसे मालिश करने को भी कहती थी। घटना की सूचना मिलते ही हॉस्टल में रहने वालीं सभी 80 छात्राओं के परिजन अपनी-अपनी बच्चियों को वापस घर ले गए।
पुलिस ने बताया कि आरोपितों के ख़िलाफ़ भारतीय दंड संहिता की धारा 366 (ए) के तहत 10वीं कक्षा की छात्रा के साथ सामूहिक बलात्कार के आरोप में मामला दर्ज कर लिया गया है।
कड़ी सुरक्षा-व्यवस्था के बीच 1 जुलाई से अमरनाथ यात्रा चल रही है। यात्रा पर आतंकवादी संगठन जैश-ए-मोहम्मद के हमले की आशंका को देखते हुए बेहद कड़े सुरक्षा इंतजाम किए गए हैं। तीर्थयात्रियों की सुरक्षा के लिए 40,000 सुरक्षाकर्मी तैनात किए गए हैं।
भीड़ द्वारा पिटाई शुरू होते ही चोर ने माफ़ी माँगनी शुरू कर दी। वह अपना नाम राजू बताता रहा। पुलिस ने बताया कि गिरफ़्तार चोर शातिर है और वह अपने साथी का नाम नहीं बता रहा है। भीड़ ने उसे खदेड़ना शुरू किया, तब वह दुर्गा मंदिर की ओर भागा।
राजपूत करणी सेना ने कहा है कि इस घटना से क्षत्रिय समाज आहत है। ऐसा लगता है कि युवक को मोहरा बनाकर साजिशन महाराणा प्रताप की प्रतिमा के साथ तोडफोड़ की गई है। एसपी तेजस्विनी गौतम से दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की माँग की गई है।
बेटे के इस व्यवहार पर नाराजगी जताते हुए महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री नारायण राणे ने कहा , "हाइवे के लिए प्रदर्शन ठीक है, लेकिन हिंसा पूरी तरह गलत है।" उन्होंने कहा, "यदि एक पिता बगैर गलती के माफी मांग सकता है तो बेटे को माफी मांगनी पड़ेगी।"