जिस BLO की रिपोर्टिंग के दम पर अजीत अंजुम उछल रहे उसे पटना के DM खारिज किया। बताया कि शांति देवी और चंद्रप्रकाश शाह दोनों मृत मतदाता हैं, जिस पर BLO अपने हस्ताक्षर कर रहे हैं।
नब्बे के दशक में भी देश में तीन-तीन बार SIR किया जा चुका है, फिर हंगामा सिर्फ़ अभी क्यों? 1957 और 1961 में जब SIR हुआ था, तब जवाहरलाल नेहरू प्रधानमंत्री थे।
बिहार के सीमांचल क्षेत्र में किशनगंज, कटिहार, अररिया और पूर्णिया जैसे मुस्लिम बहुल इलाकों में जनसंख्या से ज्यादा फर्जी आधार मिले हैं। यह जानकारी आँकड़ों से सामने आई है।