संभल के नखासा में बिजली चोरी नेटवर्क का भंडाफोड़ करने के दौरान इस मंदिर का पता चला। जिलाधिकारी ने इस संबंध में जानकारी लेकर दोबारा से मंदिर के पट खुलवाए।
सुचीर बालाजी की उनके दोस्तों से भी कोई बातचीत नहीं होती थी। ऐसे में उनके करीबी उनकी सेहत को लेकर चिंतित हुए और उन्होंने पुलिस को इस संबंध में जानकारी दी।