मस्जिद की पैरवी वक्फ सुन्नी मदीना मस्जिद कमिटी कर रही थी। इस कमिटी की तरफ से हैदर अली कोर्ट में पेश हो रहे थे। हिन्दू संगठन की तरफ से बिंदकी तहसीलदार की कोर्ट में केस दायर किया गया था।
हल्द्वानी-जहाँगीरपुरी में वामपंथियों ने कार्रवाई रुकवा दी। दिल्ली के किला राय पिथौरा में तो पुलिस के संरक्षण में मजार बनाए जाने का आरोप लगा। इधर योगी सरकार ने पूरा अकबरनगर खाली करा लिया।