कृषि क्षेत्र में नरेंद्र मोदी सरकार को विरासत में एक लचर, रीढ़विहीन और नीतिहीन व्यवस्था मिली थी- पिछले चार सालों में उसमें काफी कुछ सुधार किए गए हैं और किसानों को उनका लाभ भी मिला है। सुनिए आंकड़ों की जुबानी।
कल उन्हें 'तानाशाह' पसंद था, अब विकेन्द्रीकरण का बहाना मारते हैं। कल एक आँख के बदले दो आँख की बात करते थे, अब सेना के शौर्य को 'फ़र्ज़ीकल' स्ट्राइक बताते हैं
ट्विटर पर भाजपा की ओर से 5 साल में मोदी सरकार के दौरान देश में हुए बदलावों पर तथ्यों को साझा किया गया, जिनमें बताया जा रहा है कि UPA सरकार के दौरान यानि, 5 साल पहले क्या हालात थे और अब क्या हैं।
“कॉन्ग्रेस ने एक तरफ जहाँ देश को राजीव गांधी, इंदिरा गांधी, सोनिया गांधी और राहुल गांधी के रूप में चार गाँधी दिए हैं। वहीं बीजेपी ने भी मोदी दिए हैं- नीरव मोदी, ललित मोदी और अंबानी की गोद में बैठा नरेंद्र मोदी”
प्रधानमंत्री ने कहा कि UDF और LDF, दोनों एक ही सिक्के के 2 पहलू हैं, ये दोनों नाम में भले ही भिन्न हों लेकिन भ्रष्टाचार, जातिवाद और साम्प्रदायिकता में दोनों एक समान हैं।
13 किलोमीटर लम्बे कोल्लम बाईपास के उद्घाटन के साथ, कोच्चि और अलाप्पुझा से NH-66 पर जाने वाले लोग कोल्लम शहर में प्रवेश किए बिना तिरुवनंतपुरम की ओर बढ़ सकते हैं।