योगी आदित्यनाथ ने सीधे-सीधे इस घटना के लिए कॉन्ग्रेस को जिम्मेदार ठहराया और कहा कि इस घटना की नींव 1955 में ही पड़ गई थी, जब कॉन्ग्रेस की सरकार थी। सोनभद्र के विवाद के लिए 1955 और 1989 की कॉन्ग्रेस सरकार दोषी है। मुख्यमंत्री ने कहा कि सोनभद्र में जो घटना घटी है, उसकी नींव 1955 में रखी गई थी।
असिस्टेंट इलेक्ट्रिकल इंजीनियर राम शरन ने कहा, “यह तकनीकी खामी है। यदि वे हमें बिल लाकर देते हैं तो हम सिस्टम की तकनीकी खराबी को सुधारने के बाद उन्हें सही बिल जारी कर देंगे। यह कोई बड़ी बात नहीं है, तकनीकी समस्याएँ होती रहती हैं।”
आईएएस अधिकारी प्रभात मिश्र ने तहसीलदार के माध्यम से 17 दिसम्बर 1955 में जमीन को आदर्श कॉपरेटिव सोसायटी के नाम करा ली। जबकि उस समय तहसीलदार को नामान्तरण का अधिकार नहीं था।
भू-माफिया घोषित किए गए सपा सांसद आजम खान ने फिर से विवादित बयान दिया है। उत्तर प्रदेश के रामपुर से सांसद आजम खान ने कहा है कि मुस्लिम देश के बँटवारे के वक्त पाकिस्तान न जाने की सजा भुगत रहे हैं।
प्रियंका को शुक्रवार को जब सोनभद्र जाने से रोका गया तो वह सड़क पर ही बैठ गईं और जोर देने लगीं कि उन्हें आगे जाने की इजाजत दी जाए। इसके बाद वहां मौजूद अधिकारियों ने उन्हें हिरासत में ले लिया और उन्हें चुनार गेस्ट हाउस ले जाया गया।
गुड़िया जब ज़मीन पर गिर तो हमलावरों ने उस पर कार चढ़ा दी। गुड़िया को बचाने के लिए दौड़ी ताहिरा खातून को भी हमलावरों ने गाड़ी से रौंद दिया। इसके बाद हमलावर घटनास्थल से फ़रार हो गए।
प्रदेश अनुसूचित जाति व अनुसूचित जनजाति आयोग ने सभी आरोपितों पर रासुका के तहत कार्रवाई करने को कहा है। आयोग के अध्यक्ष डीजीपी बृजलाल के मुताबिक़ इस कांड में पुलिस व प्रशासन की लापरवाही सामने आई है।
आरजू अपने पति अमित के साथ एसपी से मिलने पहुँची थी। उसने बताया कि उन दोनों ने पिछले दिनों भागकर शादी की थी। कुछ दिन बाद जब इसकी भनक ग्रामीणों को लगी तो उन्होंने लड़के और उसके परिवार को मारपीट करके गाँव से निकाल दिया।