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बांग्लादेश से आया रोती-बिलखती हिंदू महिलाओं का Video: इस्लामी कट्टरपंथियों ने किसी के बेटे का किया अपहरण, किसी के घर को लगाई आग, कहीं मचाई लूट

वीडियो में देख सकते हैं कि एक महिला कहती है, "वो आए और उन्होंने हमारा घर लूट लिया। उन्होंने पैसे लिए, सोना लिया और सारी कीमती चीज लेकर चले गए। उन्होंने मेरे 14 साल के बेटे का भी अपहरण कर लिया है।"

बांग्लादेश में शेख हसीना की सरकार के जाने के बाद कट्टर इस्लामी चुन-चुनकर हिंदुओं के घरों, दुकानों और मंदिरों को निशाना बना रहे हैं। सोशल मीडिया पर लगातार इसकी कई तस्वीरें सामने आ रही हैं।

वॉयस ऑफ बांग्लादेशी हिंदुओं के सोशल मीडिया पेज पर इनमें से कई वीडियो शेयर की गई है। जैसे एक वीडियो में देख सकते हैं कि एक महिला कहती है, “वो आए और उन्होंने हमारा घर लूट लिया। उन्होंने पैसे लिए, सोना लिया और सारी कीमती चीज लेकर चले गए। उन्होंने मेरे 14 साल के बेटे का भी अपहरण कर लिया है।”

महिला कहती है, “मुझे उनकी पहचान तो नहीं पता। मगर उन्होंने हमारे घर से सब कुछ ले लिया और हमें बुरी तरह पीटा भी।”

इसी तरह एक अन्य व्यक्ति ने इस मामले पर बताया कि कैसे उन लोगों के ऊपर घात लगातार हमला किया गया। 10-12 लोगों की भीड़ ने पहले उन्हें पीटा, फिर उनसे एक खाली स्टाम्प पर दस्तखत कराए और लड़के को वापस करने के लिए 10 लाख टका की फिरौती भी माँगी।

एक अन्य मामला दक्षिण-पश्चिमी बांग्लादेश के जेस्सोर का है। फेसबुक वी़डियो में एक हिंदू महिला बताती दिख रही है कि कैसे इस्लामी भीड़ ने उसके परिवार को निशाना बनाया और उसके भाई पर चाकू से वार दिया गया। साथ ही उसके घर से 3 लाख टका भी लूट लिया गया।

महिला वीडियो में कहती है, “देखो इन्होंने हमारे घरों में किस तरह से तोड़फोड़ की है, क्या यह किसी इंसान का काम है। वे दावे कर रहे हैं कि ये अब आजाद देख है, लेकिन देखो इन लोगों ने मेरे भाई के साथ क्या किया है।”

हिंदू महिला ने ये भी कहा, “बांग्लादेश में सनातनी होना पाप है, मैं छात्रा के तौर पर पूछ रही हूँ कि मेरे घर को क्यों निशाना बनाया। 3-4 और हिंदुओं के घर पर इसी तरह के हमले हुए हैं।”

गौरतलब है कि बांग्लादेश में हिंसा थमने का नाम नहीं ले रही है। 7 अगस्त की शाम से शुरू हुई हिंसा में अब तक कुल 232 लोग मारे जा चुके हैं। पिछले तीन हफ्तों में मरने वालों की संख्या 550 पार कर गई है।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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