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शाहदरा में मुस्लिम शोहदों ने किया नाबालिग हिंदू लड़कियों से छेड़छाड़, विरोध करने पर बहनों-भाइयों को दौड़ा कर पीटा: जमकर किया पथराव, पढ़ें- FIR की अहम बातें

दुखद बात यह कि इतनी बड़ी मारपीट हो रही थी, लेकिन आसपास के लोग डर के मारे आगे नहीं आए। कोई हिंदू युवकों को बचाने के लिए सामने नहीं आया। इलाके में डर का माहौल है।

दिल्ली के शाहदरा जिले के फर्श बाजार इलाके में 27 दिसंबर 2025 की शाम एक दर्दनाक घटना हुई। बिहारी कॉलोनी के पास दो नाबालिग बहनें (एक 16 साल की और दूसरी 14 साल की) घर जा रही थीं। तभी एक 17 साल का नाबालिग मुस्लिम लड़का जुबैर (परिवर्तित नाम) उनके पास आया और अभद्र टिप्पणी करने लगा। लड़कियों ने इसका विरोध किया तो वह आक्रामक हो गया और उनके साथ धक्का-मुक्की शुरू कर दी। FIR की कॉपी ऑपइंडिया के पास मौजूद है, जिसमें सभी घटनाक्रम विस्तार से दर्ज हैं।

रिपोर्ट्स के मुताबिक, शोर सुनकर लड़कियों के दो चचेरे भाई (दोनों नाबालिग) मौके पर पहुँचे और बीच-बचाव करने की कोशिश की। लेकिन आरोपित ने फोन करके अपने दोस्तों को बुला लिया। देखते ही देखते आधा दर्जन लड़के वहाँ जमा हो गए। उन्होंने लाठी-डंडों और पत्थरों से बहनों के भाइयों पर हमला कर दिया। मारपीट इतनी जबरदस्त थी कि दोनों भाई घायल हो गए। हमलावरों ने गली में खड़ी एक स्कूटी और बाइक को भी तोड़ डाला। जब एक भाई जान बचाने के लिए पड़ोसी के घर में घुसा, तो बदमाशों ने उस घर पर भी पत्थरबाजी की।

स्थानीय लोग बताते हैं कि हमलावरों ने हत्या की धमकी भी दी और डंडे लहराते हुए भाग गए। सबसे दुखद बात यह कि इतनी बड़ी मारपीट हो रही थी, लेकिन आसपास के लोग डर के मारे आगे नहीं आए। कोई हिंदू युवकों को बचाने के लिए सामने नहीं आया। इलाके में डर का माहौल है।

लोग कहते हैं कि शाम होते ही कुछ लड़के गलियों में घूमते हैं और लड़कियों पर फब्तियाँ कसते हैं। विरोध करने पर मारपीट कर देते हैं। फर्श बाजार और बिहारी कॉलोनी जैसे इलाकों में मुस्लिम बहुल आबादी होने की वजह से कुछ लोग विशेष समुदाय के लड़कों का आतंक बताते हैं। लड़कियाँ अकेले निकलने से डरती हैं।

घटना की सूचना मिलते ही फर्श बाजार पुलिस मौके पर पहुँची। पीड़ित ने शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज देखकर तीन नाबालिग आरोपितों को पकड़ लिया। इनमें मुख्य आरोपित जुबैर (परिवर्तित नाम) भी शामिल है। उसके खिलाफ पहले से भी शिकायतें थीं। लेकिन स्थानीय लोगों का कहना है कि सीसीटीवी में छह से ज्यादा लड़के दिख रहे हैं, जो लाठी-डंडे लेकर आए थे। पुलिस सिर्फ तीन नाबालिगों को पकड़कर मामले को निपटाने की कोशिश कर रही है। बड़े आरोपितों की तलाश अभी तक नहीं हुई।

एफआईआर नंबर 0645/2025 में भारतीय न्याय संहिता की कई धाराएँ लगाई गई हैं, जिनमें छेड़खानी, यौन शोषण, मारपीट, संपत्ति को नुकसान और आपराधिक धमकी शामिल है। घायल भाइयों को हेडगेवार अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहाँ उनकी हालत स्थिर बताई जा रही है।

पुलिस उपायुक्त प्रशांत गौतम ने कहा कि सभी आरोपित नाबालिग हैं और कड़ी कार्रवाई की जा रही है। लेकिन इलाके के लोग असंतुष्ट हैं। वे कहते हैं कि नाबालिग बताकर ऐसे मामलों को हल्का कर दिया जाता है, जिससे बदमाशों का हौसला बढ़ता है।

यह घटना दिल्ली में महिलाओं की सुरक्षा पर बड़ा सवाल उठाती है। फर्श बाजार जैसे घनी आबादी वाले इलाकों में शाम के समय लड़कियाँ सुरक्षित नहीं महसूस करतीं। स्थानीय निवासियों का कहना है कि विशेष समुदाय के कुछ युवक अक्सर उत्पात मचाते हैं, लेकिन पुलिस कार्रवाई में ढिलाई बरतती है। सीसीटीवी फुटेज सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसमें हमलावरों की दबंगई साफ दिख रही है।

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श्रवण शुक्ल
श्रवण शुक्ल
I am Shravan Kumar Shukla, known as ePatrakaar, a multimedia journalist deeply passionate about digital media. I’ve been actively engaged in journalism, working across diverse platforms including agencies, news channels, and print publications. My understanding of social media strengthens my ability to thrive in the digital space. Above all, ground reporting is closest to my heart and remains my preferred way of working. explore ground reporting digital journalism trends more personal tone.

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