प्रतियोगी परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे छात्रों के समर्थन में सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक ने जंतर-मंतर पर अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल शुरू कर दी है। इस बीच, कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) ने दिल्ली पुलिस पर एक गंभीर आरोप लगाया है। पार्टी का दावा है कि वांगचुक के अनशन पर बैठते ही पुलिस ने प्रदर्शन स्थल पर पानी और स्वच्छता जैसी बुनियादी सुविधाएं काट दी हैं।
सीजेपी के संस्थापक अभिजीत दिपके ने रविवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर इस मुद्दे को उठाते हुए प्रशासन के रवैये पर नाराजगी जताई। दिपके ने लिखा, “सोनम वांगचुक द्वारा भूख हड़ताल की घोषणा के बाद दिल्ली पुलिस ने जंतर-मंतर पर स्वच्छता सुविधा बंद कर दी है। वहाँ पानी का कोई कनेक्शन नहीं है और न ही स्वच्छता के कोई उपाय किए गए हैं। अधिकारियों से बार-बार अनुरोध करने के बावजूद बुनियादी सुविधाएँ बहाल नहीं की गई हैं।”
दिपके ने वांगचुक के स्वास्थ्य पर चिंता जताते हुए आगे कहा, “प्रशासन को वांगचुक जी की उम्र और स्वास्थ्य संबंधी चिंताओं के बारे में बताने और बार-बार गुहार लगाने के बाद भी पुलिस सहयोग नहीं कर रही है। हमें आशंका है कि अन्य बुनियादी सुविधाएँ भी काट दी जाएँगी। आखिर पुलिस क्या करना चाहती है?”
दूसरी ओर दिल्ली पुलिस ने इन आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए इसे भ्रामक बताया है। डीसीपी नई दिल्ली ने सोशल मीडिया पर पलटवार करते हुए लिखा, “अभिजीत दिपके द्वारा लगाए गए यह आरोप कि दिल्ली पुलिस ने जंतर-मंतर पर स्वच्छता सुविधाएँ या पानी के कनेक्शन काट दिए हैं, झूठ और गलत सूचना फैलाने का एक और हताश प्रयास है। दिल्ली पुलिस एक कानून प्रवर्तन एजेंसी है और इन सुविधाओं को प्रदान करने या उनके रखरखाव में हमारी कोई भूमिका नहीं होती है।”
The allegations by Abhijeet Dipke that Delhi Police has cut off sanitation facilities or water connections at Jantar Mantar is another desperate attempt to spread falsehoods and misinformation.
— DCP New Delhi (@DCPNewDelhi) June 28, 2026
Delhi Police, being a law enforcement agency, has no role to play in providing or…
बता दें कि अभिजीत दिपके पहले भी जंतर-मंतर से कई बार फर्जी दावे कर चुके हैं। कभी खुद को हिरासत में लेने की बात, तो कभी दिल्ली पुलिस पर प्रदर्शनकारियों को रोकने का आरोप। हालाँकि उनके दावे बार-बार गलत ही निकले हैं।

