Homeबड़ी ख़बरपाकिस्तानी फ़ौज सरहदी इलाको में फोन कर जुटा रही है भारतीय सेना की जानकारी

पाकिस्तानी फ़ौज सरहदी इलाको में फोन कर जुटा रही है भारतीय सेना की जानकारी

बॉर्डर इलाके के जिले में रहने वाले अपनी जिम्मेदारी बखूबी जानते हैं इसलिए फोन करने वाले को उन्होंने भारतीय सेना के बारे में कुछ भी नहीं बताया।

एक ओर जहाँ पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान अपने प्रेस वक्तव्य के माध्यम से दुनिया के सामने भारत को शान्ति का सन्देश देने का ढोंग कर रहे हैं, वहीं दूसरी ओर पाकिस्तानी फ़ौज भारतीय सेना की जानकारी जुटाने लिए हर प्रयास कर रही है।

पाकिस्तान इस हद तक चला गया है कि सीमा के पास इलाके के लोगों को फोन करके भारतीय आर्मी से जुड़ी सूचनाएँ जुटाने की कोशिश कर रहा है। भारत-पाक के बीच बने नाजुक हालात के बीच पाकिस्तान की सेना राजस्थान के लोगों को फोन कर भारतीय सेना की लोकेशन और गुप्त सूचनाएँ इकट्ठा करने की कोशिश कर रही है। यह मामला राजस्थान के श्रीगंगानगर का है। श्रीगंगानगर भारत-पाकिस्तान के अंतरराष्ट्रीय सीमा पर राजस्थान के 4 सरहदी जिलों में से एक है।

रिपोर्ट्स के अनुसार, श्रीगंगानगर की ग्राम पंचायत सोमासर के सरपंच पति राकेश बिश्नोई के पास बुधवार (फरवरी 27, 2019) सुबह साढ़े बजे 13 डिजिट के नम्बर से एक फोन कॉल आया। फोन करने वाले उससे भारतीय सेना की लोकेशन पूछी। इंटरनेट के जरिए फोन करने वाले ने राकेश से पूछा कि भारतीय सेना अभी क्या कर रही है? सेना के जवान बॉर्डर के आस-पास हैं या नहीं? राकेश के अनुसार वे बॉर्डर इलाके के जिले में रहने के कारण अपनी जिम्मेदारी बखूबी जानते हैं। इसलिए फोन करने वाले को उन्होंने भारतीय सेना के बारे में कुछ भी नहीं बताया।

हालाँकि, अभी इस बात की पुष्टि नहीं हुई है कि राकेश के पास आया फोन कॉल पाकिस्तानी सेना का ही है। लेकिन जिले के एसपी हेमंत शर्मा ने कहा कि भारत-पाक के बीच तनाव को देखते हुए ऐसे फोन कॉल्स किसी के भी पास आ सकते हैं। अगर किसी के पास भी ऐसे फोन आते हैं, तो वे भारतीय सेना से जुड़ी कोई भी जानकारी किसी के साथ साझा न करें।

गत 14 फरवरी को जम्मू कश्मीर के पुलवामा में आतंकी हमला करने के बाद 26 फरवरी को भारतीय वायुसेना की कड़ी कार्रवाई के बाद बौखलाए पाकिस्तान ने आज अपनी वायुसेना के तीन F-16 लड़ाकू विमान भारतीय सीमा में भेजे। लेकिन फिर भारतीय वायुसेना की त्वरित कार्रवाई के बाद एक F-16 को मार गिराया गया, जो पाकिस्तान के लाम घाटी में जाकर गिरा।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

‘मेविस्तान’ बनाने का सपना, अलवर-भरतपुर में हिंसा और फिर गाँधी-नेहरू का हस्तक्षेप: जानिए मेवात के उस इतिहास की पूरी कहानी, जिसने बदल दिया इलाके...

मेविस्तान की माँग, 1933 का गोविंदगढ़ संघर्ष, 1947 का अलवर-भरतपुर घटनाक्रम और गाँधी-नेहरू के हस्तक्षेप से जुड़ी मेवात की पूरी कहानी जानिए।

59 करोड़ अकाउंट्स, लाखों करोड़ की कैपिटल और आखिरी व्यक्ति तक पहुँचता बैंकिंग सिस्टम… फिर क्यों जनधन योजना से सुभाष गर्ग को लगी मिर्ची?

सुभाष गर्ग ने जनधन योजना के 59 करोड़ खातों पर सवाल उठाए, जानिए जीरो बैलेंस, इनएक्टिव अकाउंट्स और DBT से जुड़ी पूरी कहानी।
- विज्ञापन -