53547 कुल लेख

ऑपइंडिया स्टाफ़

कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

J&K: मस्जिदों में जिहादी नारे बंद, कई पूर्व आतंकी मुख्यधारा में लौटने को तैयार

श्रीनगर के एक पूर्व आतंकी का कहना है कि अगर यह 1947 में हो गया होता तो आज शायद वो संसद या एसेंबली में होते। उन्होंने कहा कि ब्लैकमेल और मजहब की सियासत के कारण ही उनके जैसे कई युवाओं ने राह भटक कर बंदूक उठा ली और कुछ अब भी उठा रहे हैं।

जेटली पर छिपाए नहीं छिपी कॉन्ग्रेस की कुंठा, मुखपत्र नेशनल हेराल्ड में बताया ‘चुगलखोर’

श्रद्धांजलि देने के नए अंदाज में नेशनल हेराल्ड ने जेटली की योग्यता और प्रतिबद्धता को पूर्ण रूप से नकारते हुए 2014 में वित्त मंत्री के तौर पर उनकी नियुक्ति को लेकर सवाल उठाए हैं। कहा है कि 2002 दंगों के बाद कानूनी जंजालों से बचाने का एहसान मोदी ने उन्हें वित्त मंत्री बनाकर उतारा।

श्रीलंका से घुसे लश्कर आतंकी, कोयंबटूर और कोच्चि से 4 पकड़े गए, 1 महिला भी

लश्कर के 6 आतंकवादियों के तमिलनाडु में घुसने की खुफिया रिपोर्ट के बाद पूरे राज्य में हाई अलर्ट घोषित कर दिया गया था। सभी आतंकवादी मुस्लिम हैं, लेकिन हिंदुओं की वेशभूषा में वे भारत में घुसे हैं। उन्होंने तिलक और भभूत लगा रखा है।

राहुल गॉंधी भोज से पहले बिझो होता है, बिना उसके खाने नहीं पहुॅंचते, साथ गए झा जी से ही पूछ लेते

राहुल गॉंधी, हमारा नहीं तो कम से कम उनका तो ख्याल करिए, जो आपसे हर बाद उम्मीद लगा लेते हैं, पहले से भी किसी बड़े चमत्कार की और आप हर बार, बार-बार, पिछली बार से भी ज्यादा वीभत्स तरीके से उस सपने को चीर-फाड़ देते हैं।

J&K पर UAE में बोले मोदी: अलग-थलग पड़े रहने से युवा कट्टरपंथी और आतंकवादी बने

खलीज टाइम्स को दिए साक्षात्कार में मोदी ने कहा कि उनकी सरकार ने जम्मू-कश्मीर के अलग-थलग पड़े रहने की स्थिति को खत्म करने के लिए अनुच्छेद 370 को निरस्त किया। उन्होंने कहा, "अलग-थलग पड़े रहने से कुछ युवा कट्टरपंथी बन गए और हिंसा तथा आतंकवाद के रास्ते पर चल पड़े।"

पाकिस्तानियों ने सोशल मीडिया में फिर दिखाई नीचता, अरुण जेटली के निधन पर खुशी से बावले हुए

एक पाकिस्तानी ने ट्वीट किया, "पहले सुषमा स्वराज और अब अरुण जेटली। इंशाअल्लाह अगले नरेंद्र मोदी और अमित शाह होंगे, क्योंकि इनकी मौत के लिए कश्मीरी दुआ कर रहे हैं। कश्मीर में अत्याचार के लिए ये लोग गुनहगार हैं। ये सब नरक में सड़ेंगे।"

राजनीतिक गहमागहमी के बीच जम्मू-कश्मीर में चुनाव की तैयारियॉं शुरू, 14 महीने में पूरा होगा परिसीमन

राज्य में हालात अब धीरे-धीरे सामान्य होते जा रहे हैं। 17 अगस्त के बाद छिटपुट विरोध की घटनाओं में भी कमी देखी गई है। हालॉंकि सीमा पार से आंतकी खतरे की आशंका बनी हुई है जिसके कारण सुरक्षा बलों को अलर्ट पर रखा गया है।

कृष्णाष्टमी पर संदेशों से परेशान हुए चीफ जस्टिस: रजिस्ट्रार ने जजों से मोबाइल पर मैसेज नहीं करने को कहा

पत्र में जजों से इसे गंभीरता से लेने को कहा गया है। हालॉंकि किसी आवश्यक परिस्थिति में वे मुख्य न्यायाधीश को मैसेज भेज सकते हैं। रजिस्ट्रार जनरल ने जिला जजों से अपने अधीनस्था न्यायिक कर्मचारियों को भी इस संबंध में निर्देशित करने को कहा है।