इस समन में भंडारी से मुंबई पुलिस ने 22 अक्टूबर को 4 बजे कोर्ट में पेश होने को कहा है। इसमें यह भी लिखा है कि भंडारी बिना कोर्ट को बताए कहीं नहीं जा सकते।
पुलिस ने कहा कि 2019 में लोकसभा चुनावों के समय सामने आई एक अश्लील क्लिप के कारण पत्रकार को पकड़ा गया है न कि OTV की उस रिपोर्ट के कारण जिसमें सीएम के एरियल सर्वे के मद्देनजर सवाल पूछे गए।
प्रतीक सिंहा का तर्क है कि गुजरात के गृहमंत्री को NDTV द्वारा फैलाई गई साम्प्रदायिक रूप से संवेदनशील फेक न्यूज़ पर उन्हें दण्डित करना 'गलत प्राथमिकता' का चुनाव है।