हास्यास्पद यह है कि दैनिक भास्कर ने जिन स्थानों को पाठकों के लिए रिक्त छोड़ा था उसमें 'द वायर' और 'न्यूज़लॉन्ड्री' ने अपनी समझ के अनुसार 'तबलीगी जमात' भर दिया। इसके बाद दैनिक भास्कर पर सांप्रदायिकता फैलाने का आरोप भी जड़ दिया।
महबूब अली दिल्ली के एलएनजेपी अस्पताल के आइसोलेशन वार्ड में हैं। कोरोना संक्रमित होने का संदेह है। मीडिया गिरोह ने बवाना में उनकी पीट-पीटकर हत्या किए जाने की खबर उड़ा दी। झूठ पकड़े जाने पर भूल सुधार की जहमत भी नहीं उठाई।
“स्वास्थ्य अधिकारियों पर थूकना, सड़कों पर बस से बाहर थूकना, महिला कर्मचारियों के सामने अर्ध नग्न हो, भद्दी टिप्पणी करना, अस्पतालों में अनुचित माँग करना, केवल पुरुष कर्मचारियों को उनके लिए उपस्थित होने के लिए हंगामा करना और आप कितनी आसानी से कह रही हो कि इनके इरादे खराब नहीं हैं। हद है।”
आरफा की मानें तो नर्सें झूठ बोल रही हैं और प्रोपेगेंडा में शामिल हैं। तबलीगी जमात वाले नीच हरकत कर ही नहीं सकते, क्योंकि वे नि:स्वार्थ भाव से मजहब की सेवा कर रहे हैं। इसके लिए दुनियादारी, यहॉं तक कि अपने परिवार से भी दूर रहते हैं।
कई लोग मीडिया पर आरोप लगा रहे थे कि जब किसी हिन्दू धार्मिक स्थल में श्रद्धालु होते हैं तो उन्हें 'फँसा हुआ' बताया जाता है जबकि मस्जिद के मामले में 'छिपा हुआ' कहा जाता है। इसके बाद फेक न्यूज़ का दौर शुरू हुआ, जिसे अली सोहराब जैसों ने हज़ारों तक फैलाया।
प्रोपेगेंडा वेबसाईट TheWire एक फर्जी खबर चलाता है - योगी आदित्यनाथ सरकार के खिलाफ। सरकार के द्वारा FIR दर्ज की जाती है। इससे स्वघोषित फैक्ट-चेकर प्रतीक सिन्हा बौखला जाता है। इसे लेकर वह न सिर्फ ANI पर सवाल उठाता है बल्कि प्रेस स्वतंत्रता से भी जोड़ देता है।
"हमारी चेतावनी के बावजूद इन्होंने अपने झूठ को ना डिलीट किया ना माफ़ी माँगी। कार्रवाई की बात कही थी, FIR दर्ज हो चुकी है आगे की कार्यवाही की जा रही है। अगर आप भी योगी सरकार के बारे में झूठ फैलाने के की सोच रहे है तो कृपया ऐसे ख़्याल दिमाग़ से निकाल दें।"
सीएम योगी के मीडिया सलाहकार सिद्धार्थ वरदराजन को चेताया कि अगर उन्होंने अपनी इस फेक न्यूज़ को तुरंत डिलीट नहीं किया तो कार्रवाई की जाएगी और उन पर मानहानि का मुकदमा भी चलाया जाएगा। साथ ही उन्होंने तंज कसते हुए ये भी कहा कि कार्रवाई के बाद वेबसाइट के साथ-साथ केस लड़ने के लिए भी सिद्धार्थ वरदराजन को डोनेशन माँगना पड़ जाएगा।
इसी बीच उसका एक और प्रोपेगंडा सामने आया है। वो कई देशों के स्वतंत्रता संग्राम पर भी वीडियो बनाता रहा है। इस दौरान वो जम्मू कश्मीर का नाम तो लेता है लेकिन कभी भी बलूचिस्तान के बारे में कुछ नहीं कहता।