सेल्युलर जेल में हिंदू क्रांतिकारी बहुसंख्यक थे। उनको नियंत्रित करने और यातनाएँ देने के मकसद से जेलर बारी ने मुसलमान अपराधी कैदियों को वार्डर, पहरेदार और हवलदार वगैरह नियुक्त कर दिया था।
बकौल वकार चौधरी, उन्हें शक हुआ, क्योंकि एक बार कुलदीप कुमार उनके घर भी आए थे और पूछा था कि आप तो जंगली का मांस खा लेते होंगे। कहा - इसका नाम लेना भी हराम।
केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कॉन्ग्रेसियों के दुष्प्रचार को लगाम देते हुए जनता को आश्वस्त किया कि भाजपा एससी-एसटी और ओबीसी आरक्षण के खिलाफ नहीं है।