राहुल गाँधी के नक्शेकदम पर चलते हुए TMC के डेरेक भी आज मृतक हाथरस पीड़िता के परिवार से मिलने के लिए जा रहे थे। जिस दौरान पुलिस ने उन्हें जब आगे बढ़ने से रोका तो वह खुद ही गिरते नजर आए।
बिहार के चुनावी आग की गर्मी इतनी तेज होती है कि बिहार से दिल्ली तक कुछ भी सुलग सकता है। अगर संभावनाओं की बात करें तो इससे किसी 'दलित' का झोंपड़ा जल सकता है और इलाके के तथाकथित सवर्णों पर आग लगाने का इल्जाम भी थोपा जा सकता है।