Wednesday, April 21, 2021
Home विविध विषय अन्य लोन मोरेटोरियम पर केंद्र सरकार ने दी बड़ी राहत, अब नहीं देना होगा ब्याज...

लोन मोरेटोरियम पर केंद्र सरकार ने दी बड़ी राहत, अब नहीं देना होगा ब्याज पर ब्याज

केंद्र सरकार ने कहा है कि लोन मोरेटोरियम पर 6 महीने की अवधि में 2 करोड़ रुपए तक की धनराशि पर लगने वाले ब्याज के ऊपर जो ब्याज लगता था, वो अब नहीं लगेगा। यानी, इन पर अब चक्रवृद्धि ब्याज ग्राहकों से नहीं लिया जाएगा।

केंद्र सरकार ने बैंक से लोन लेने वालों को अच्छी खबर दी है। सुप्रीम कोर्ट में दायर किए गए एक हलफनामे में केंद्र सरकार ने कहा है कि अब लोगों को लोन ली गई राशि पर लग रहे ब्याज पर ब्याज नहीं देना होगा। एमएसएमई लोन, एजुकेशन, हाउसिंग, कंज्यूमर, ऑटो, क्रेडिट कार्ड बकाया और उपभोग लोन पर लगे सभी प्रकार के चक्रवृद्धि ब्याज को माफ़ किया जाएगा। इससे आमलोगों और मध्यम वर्ग को बड़ी राहत मिली है।

केंद्र सरकार ने कहा है कि लोन मोरेटोरियम पर 6 महीने की अवधि में 2 करोड़ रुपए तक की धनराशि पर लगने वाले ब्याज के ऊपर जो ब्याज लगता था, वो अब नहीं लगेगा। यानी, इन पर अब चक्रवृद्धि ब्याज ग्राहकों से नहीं लिया जाएगा। वित्त मंत्रालय ने कोरोना आपदा को देखते हुए छोटे कर्जदारों की मदद के लिए ये फैसला लिया है।

केंद्रीय वित्त मंत्रालय का कहना है कि कोरोना संक्रमण के कारण आई आपदा के बीच छोटे उद्योगों और मध्यम वर्ग के लोगों को जो मार पड़ी है, उसे देखते हुए ये उचित है कि सरकार ही कर्ज के ब्याज पर लगने वाला ब्याज वहन करे। ब्याज की छूट का भार अब सरकार द्वारा वहन किया जाएगा। सरकार ने इसे ही मौजूदा ऋण समस्या का समाधान मानते हुए आश्वस्त किया है कि जल्द ही इसके लिए संसद से अनुमति ली जाएगी।

इस विषय में अनुदान के लिए संसद से अनुमति ली जाएगी। कोरोना आपदा को देखते हुए मार्च में जो लॉकडाउन लगाया गया था, उससे बाजार पर बड़ी मार पड़ी थी और सामान्य लोग ईएमआई भरने की स्थिति में नहीं थे। कमाई और कारोबार ठप्प होने के कारण कर्ज चुकाने में भी कई लोग सक्षम नहीं थे। ऐसे में रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (RBI) ने ऐसे लोगों से लोन न चुकाने के लिए बैंकों से 6 महीने की मोहलत दिलाई।

लेकिन, मोरेटोरियम के बदले लगने वाला अतिरिक्त चार्ज इन फैसलों की राह में सबसे बड़ी बाधा बन कर सामने आ रहा था, क्योंकि जो लोग ब्याज न देने की स्थिति में थे, वो ब्याज पर ब्याज कहाँ से देते? अब सरकार के इस फैसले के बाद मोरेटोरियम का लाभ ले रहे लोगों को ब्याज पर अतिरिक्त धनराशि खर्च नहीं करनी होगी। ग्राहकों को अब सिर्फ लोन पर सामान्य ब्याज ही देना होगा, इसके अतिरिक्त कुछ नहीं।

इसी साल अगस्त महीने में सुप्रीम कोर्ट ने भी मोरेटोरियम मामले में सुनवाई करते हुए कहा था कि केंद्र सरकार को हलफनामा दायर कर इस बारे में स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए। सुप्रीम कोर्ट ने कारोबार के साथ-साथ लोगों की परेशानियाँ देखने को भी कहा था। राजीव महर्षि वाली विशेषज्ञ समिति की रिपोर्ट के बाद सरकार ने भी लोगों को राहत देने का मन बनाया।

  सहयोग करें  

एनडीटीवी हो या 'द वायर', इन्हें कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

देश के 3 सबसे बड़े डॉक्टर की 35 बातें: कोरोना में Remdesivir रामबाण नहीं, अस्पताल एक विकल्प… एकमात्र नहीं

देश में कोरोना वायरस तेजी से फैल रहा है। 2.95 लाख नए मामले सामने आने के बाद देश में कुल संक्रमितों की संख्या बढ़ कर...

‘गैर मुस्लिम नहीं कर सकते अल्लाह शब्द का इस्तेमाल, किसी अन्य ईश्वर से तुलना गुनाह’: इस्लामी संस्था ने कहा- फतवे के हिसाब से चलें

मलेशिया की एक इस्लामी संस्था ने कहा है कि 'अल्लाह' एक बेहद ही पवित्र शब्द है और इसका इस्तेमाल सिर्फ इस्लाम के लिए और मुस्लिमों द्वारा ही होना चाहिए।

आज वैक्सीन का शोर, फरवरी में था बेकारः कोरोना टीके पर छत्तीसगढ़ में कॉन्ग्रेसी सरकार ने ही रचा प्रोपेगेंडा

आज छत्तीसगढ़ के स्वास्थ्य मंत्री इस बात से नाखुश हैं कि पीएम ने राज्यों को कोरोना वैक्सीन देने की बात नहीं की। लेकिन, फरवरी में वही इसके असर पर सवाल उठा रहे थे।

पंजाब के 1650 गाँव से आएँगे 20000 ‘किसान’, दिल्ली पहुँच करेंगे प्रदर्शनः कोरोना की लहर के बीच एक और तमाशा

संयुक्त किसान मोर्चा ने 'फिर दिल्ली चलो' का नारा दिया है। किसान नेताओं ने कहा कि इस बार अधिकतर प्रदर्शनकारी महिलाएँ होंगी।

हम 1 साल में कितने तैयार हुए? सरकारों की नाकामी के बाद आखिर किस अवतार की बाट जोह रहे हम?

मुफ्त वाई-फाई, मुफ्त बिजली, मुफ्त पानी से आगे लोगों को सोचने लायक ही नहीं छोड़ती समाजवाद। सरकार के भरोसे हाथ बाँध कर...

मधुबनी: धरोहर नाथ मंदिर में सोए दो साधुओं का गला कुदाल से काटा, ‘लव जिहाद’ का विरोध करने वाले महंत के आश्रम पर हमला

बिहार के मधुबनी जिला स्थित खिरहर गाँव में 2 साधुओं की गला काट हत्या कर दी गई है। इससे पहले पास के ही बिसौली कुटी के महंत के आश्रम पर रात के वक्त हमला हुआ था।

प्रचलित ख़बरें

रेप में नाकाम रहने पर शकील ने बेटी को कर दिया गंजा, जैसे ही बीवी पढ़ने लगती नमाज शुरू कर देता था गंदी हरकतें

मेरठ पुलिस ने शकील को गिरफ्तार किया है। उस पर अपनी ही बेटी ने रेप करने की कोशिश का आरोप लगाया है।

मधुबनी: धरोहर नाथ मंदिर में सोए दो साधुओं का गला कुदाल से काटा, ‘लव जिहाद’ का विरोध करने वाले महंत के आश्रम पर हमला

बिहार के मधुबनी जिला स्थित खिरहर गाँव में 2 साधुओं की गला काट हत्या कर दी गई है। इससे पहले पास के ही बिसौली कुटी के महंत के आश्रम पर रात के वक्त हमला हुआ था।

रेमडेसिविर खेप को लेकर महाराष्ट्र के FDA मंत्री ने किया उद्धव सरकार को शर्मिंदा, कहा- ‘हमने दी थी बीजेपी को परमीशन’

महाविकास अघाड़ी को और शर्मिंदा करते हुए राजेंद्र शिंगणे ने पुष्टि की कि ये इंजेक्शन किसी अन्य उद्देश्य के लिए इस्तेमाल नहीं किया जा सकता है। उन्हें भाजपा नेताओं ने भी इसके बारे में आश्वासन दिया था।

‘सुअर के बच्चे BJP, सुअर के बच्चे CISF’: TMC नेता फिरहाद हाकिम ने समर्थकों को हिंसा के लिए उकसाया, Video वायरल

TMC नेता फिरहाद हाकिम का एक वीडियो सोशल मीडिया में वायरल है। इसमें वह बीजेपी और केंद्रीय सुरक्षा बलों को 'सुअर' बता रहे हैं।

हाँ, हम मंदिर के लिए लड़े… क्योंकि वहाँ लाउडस्पीकर से ऐलान कर भीड़ नहीं बुलाई जाती, पेट्रोल बम नहीं बाँधे जाते

हिंदुओं को तीन बातें याद रखनी चाहिए, और जो भी ये मंदिर-अस्पताल की घटिया बाइनरी दे, उसके मुँह पर मार फेंकनी चाहिए।

रवीश और बरखा की लाश पत्रकारिताः निशाने पर धर्म और श्मशान, ‘सर तन से जुदा’ रैलियाँ और कब्रिस्तान नदारद

अचानक लग रहा है जैसे पत्रकारों को लाश से प्यार हो गया है। बरखा दत्त श्मशान में बैठकर रिपोर्टिंग कर रही हैं। रवीश कुमार लखनऊ को लाशनऊ बता रहे हैं।
- विज्ञापन -

 

हमसे जुड़ें

292,985FansLike
82,653FollowersFollow
394,000SubscribersSubscribe