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गुजरात के मंदिर में एक भजन ऐसा भी… मंच पर पशु-पक्षियों के भोजन के लिए भक्तों ने लगा दिया रोटियों का ढेर: देखिए Video

रोटलिया हनुमान मंदिर की स्थापना के एक वर्ष पूरा होने के अवसर पर लोक दायरो (भजन और कथा) का आयोजन किया गया था। गायक कीर्तिदान गढ़वी की अपील पर लोग रोटियाँ लेकर पहुँचे। कार्यक्रम शुरू होने के बाद मंच पर रोटियों का ढेर लग गया।

आपने ऐसे कई वीडियो देखे होंगे जिसमें भजन गायक के चारों तरफ पैसों का अंबार लगा हो। पर शायद ही ऐसा वीडियो देखा हो जिसमें भजन गायक के चारों तरफ रोटियों का ढेर लगा हो। ऐसा ही एक वीडियो गुजरात से आया है। पाटन के रोटलिया हनुमान मंदिर में प्रसिद्ध लोकगायक कीर्तिदान गढ़वी का भजन कार्यक्रम था। इस कार्यक्रम में प्रवेश के लिए रोटी ही टिकट थी। भक्त इच्छानुसार एक से 10 रोटियाँ लेकर कार्यक्रम में प्रवेश कर रहे थे। सोशल मीडिया पर वायरल इस भजन कार्यक्रम के वीडियो में पर रोटियों का अंबार लगा हुआ दिख रहा है।

बताया जा रहा है कि रोटलिया हनुमान मंदिर की स्थापना के एक वर्ष पूरा होने के अवसर पर लोक दायरो (भजन और कथा) का आयोजन किया गया था। 16 अप्रैल 2023 को आयोजित इस कार्यक्रम से पहले गायक कीर्तिदान गढ़वी ने लोगों से रोटी लाने की अपील की थी। उनकी अपील पर लोग रोटियाँ लेकर पहुँचे। कार्यक्रम शुरू होने के बाद मंच पर रोटियों का ढेर लग गया। इन रोटियों से गाय, कुत्तों समेत अन्य पशुओं और पक्षियों के लिए भोजन उपलब्ध कराया गया।

कार्यक्रम का एक वीडियो कीर्तिदान गढ़वी ने अपने इंस्टाग्राम अकाउंट से भी शेयर किया है। बताया जा रहा है कि कार्यक्रम के दौरान 50 हजार से ज्यादा रोटियाँ जमा की गईं। बता दें कि रोटलिया हनुमान मंदिर दुनिया का पहला ऐसा मंदिर है, जहाँ प्रसाद के रूप में सिर्फ रोटला (रोटियों से मोटी और बड़ी) और रोटी ही चढ़ाई जाती हैं। मंदिर में विराजमान बजरंग बली को सिर्फ रोटला या रोटी का भोग लगाया जाता है।

भक्तों द्वारा लाई गई रोटी का भोग लगने के बाद इन्हें एक बड़े बर्तन में जमा किया जाता है। इसके बाद प्रसाद सभी जीव-जन्तुओं को बाँटा जाता है। इसमें गाय, कुत्ते समेत अन्य पशु और पक्षियाँ भी शामिल हैं। मंदिर में मनोकामना पूरी होने के बाद भी भक्त स्वेच्छा से 5 से लेकर 101 रोटियाँ चढ़ाते हैं। यहाँ अन्य किसी तरह का प्रसाद स्वीकार नहीं किया जाता।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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