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चीनी माल के बहिष्कार की तेजी होती माँग के बीच ओप्पो का लाइव लॉन्च इवेंट कैंसल

ओप्पो की तरफ से इस संबंध में कोई आधिकारिक बयान नहीं दिया गया। लेकिन, कुछ रिपोर्ट्स बताते हैं कि सोशल मीडिया पर हंगामे से बचने के लिए शायद कंपनी ने ऐसा किया। सोशल मीडिया यूज़र्स ने ऑनलाइन प्रदर्शन के माध्यम से चीन के सारे उत्पादों खासकर मोबाइल फ़ोन का पूर्ण बहिष्कार करने के लिए लोगों से आह्वान किया था।

चीन की हरकतों को मद्देनजर उसके उत्पादों के बहिष्कार की माँग तेज़ होती जा रही है। चाइनीज स्मार्टफोन निर्माता कंपनी ओप्पो को अपने फ्लैगशिप स्मार्टफोन की भारत में होने वाली लाइव लॉन्चिंग कैंसल करनी पड़ी।

बता दें ओप्पो कंपनी द्वारा यूट्यूब पर अपने X2 स्मार्टफ़ोन को बुधवार एक लाइव इवेंट में लॉन्च किया जाना था।
हालाँकि, लॉन्च की लाइवस्ट्रीमिंग को रद्द कर उसकी जगह प्री-रिकॉर्डेड वीडियो अपलोड किया गया।

रिपोर्ट के अनुसार, ओप्पो कंपनी की तरफ से इस संबंध में कोई आधिकारिक बयान नहीं दिया गया। लेकिन, कुछ रिपोर्ट्स बताते हैं कि सोशल मीडिया पर हंगामे से बचने के लिए शायद कंपनी ने ऐसा किया। सोशल मीडिया यूज़र्स ने ऑनलाइन प्रदर्शन के माध्यम से चीन के सारे उत्पादों खासकर मोबाइल फ़ोन का पूर्ण बहिष्कार करने के लिए लोगों से आह्वान किया था।

बुधवार को नेटीज़न्स ने ट्विटर के जरिए भारतीय नागरिकों से चाइनीज प्रोडक्ट, मुख्य रूप से मोबाइल फ़ोन को बहिष्कार करने की माँग की थी।

लद्दाख में तनावपूर्ण माहौल

गौरतलब हैं कि गुरुवार को आई एक रिपोर्ट के अनुसार गलवान घाटी पर चीन की सेना ने कँटीले तारों से लिपटे डंडे से भारतीय सेना पर धोखे से प्रहार किया था। जिसमें भारत ने अपने कम से कम 20 जवान खोए। जब तक भारतीय खेमे तक बात पहुँचती, भारतीय सैनिकों को चीनी सेना के दूसरे कैंप से आए सैनिकों ने घेर लिया था।

चीनी सेना ने पहले से ही अपने पास लाठी-डंडे, रॉड, हॉकी स्टिक, बेसबॉल क्लब, ड्रैगन पंच, पाइप, पत्थर, कीलें, बूट की नोक जमा कर लिया था। इनका इस्तेमाल वे हिंसा के दौरान कर रहे थे। पहाड़ी पॉइंट 14 पर पहले से मौजूद चीनी सैनिकों ने भारतीय सैनिकों को निशाना बनाते हुए उनके ऊपर बड़े-बड़े पत्थरों को फ़ेंक कर भी हमला किया। बिना किसी हथियार के भारतीयों सैनिकों ने उनका डटकर मुकाबला किया।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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