Wednesday, February 8, 2023
Homeविविध विषयअन्यक्रिकेट वर्ल्ड कप में 'मैच फिक्सिंग': जीत को लेकर Pak खिलाड़ी की फिसली जुबान

क्रिकेट वर्ल्ड कप में ‘मैच फिक्सिंग’: जीत को लेकर Pak खिलाड़ी की फिसली जुबान

'वार्म अप' मैचों में अफगानिस्तान ने पाकिस्तान को 3 विकेट से हराया था। 31 मई को पाक-वेस्ट इंडीज के मैच में पाकिस्तान की टीम वेस्ट इंडीज से 7 विकेट से हारी थी। जबकि इंग्लैंड-पाकिस्तान के मैच में...

आप अक्सर देखते और महसूस करते होंगे कि कई बार लोग अपनी जुबान फिसल जाने के कारण मन की वो बात भी कह डालते हैं, जो उनके जहन में तो होती है, लेकिन वो उसे जुबां पर कभी नहीं लाना चाहते। कुछ ऐसा ही हुआ है पाकिस्तान मूल के बॉक्सर आमिर खान के साथ।

दरअसल, ऑन कैमरा आमिर से जब वर्ल्ड कप 2019 में पाकिस्तान के जीतने की संभावनाओं के बारे में पूछा गया तो उन्होंने बड़े ही आत्मविश्वास के साथ एक हास्यास्पद जवाब देते हुए कहा, “वर्ल्ड कप में पाकिस्तान के जीतने की बहुत बढ़िया संभावना है। ये निर्भर करता है कि कैसे ‘मैच फिक्सिंग’ की गई है और उन्होंने खेल को कैसे फिक्स किया है।”

जी हाँ, आमिर खान ने पाकिस्तान की जीत के लिए ‘मैच फिक्सिंग’ को एक जरूरी कारक माना है। अब इस बयान के बाद उनकी सोशल मीडिया बहुत फजीहत हो रही है। इस शब्द का प्रयोग करने के कारण सोशल मीडिया पर लोग उन्हें बोल रहे हैं कि जो तरीका उन्होंने क्रिकेट टीम के लिए सुझाया है, हो सकता है वो उसी तरह अपने मैच भी जीतते होंगे।

पाकिस्तानी टीम के फैन जहाँ आमिर के इस बयान से नाराज़ है, वहीं कुछ लोग इस बयान पर खूब चुटकी ले रहे हैं। लोग कह रहे हैं कि जब आमिर उर्दू बोलने में सहज हैं, तो फिर उन्हें अंग्रेजी में बयान देने की क्या जरूरत थी, बेवजह एक्सेंट सुधारने के चक्कर में मन की बात बाहर निकल कर आ गई।

वहीं, एक शख्स ने आमिर को ट्विटर पर नसीहत दी है कि जब इंसान को क्रिकेट के बारे में कुछ न पता हो, तो उसे एक्पर्ट लोगों की तरह अपना ओपिनियन नहीं देना चाहिए।

बता दें, इन दिनों वर्ल्ड कप का पारा हर जगह गरमाया हुआ है। 24 मई से शुरू हुए वर्ल्ड कप में 13 दिन हो चुके हैं। ‘वार्म अप’ मैचों में अफगानिस्तान ने पाकिस्तान को 3 विकेट से हराया था। 31 मई को पाक-वेस्ट इंडीज के मैच में पाकिस्तान की टीम वेस्ट इंडीज से 7 विकेट से हारी थी। जबकि 3 जून को हुए इंग्लैंड-पाकिस्तान के बीच मैच में पाकिस्तान ने 14 रनों से अपने नाम जीत हासिल की थी।

  सहयोग करें  

एनडीटीवी हो या 'द वायर', इन्हें कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

आफताब ने श्रद्धा की हड्डियों को पीस कर बनाया पाउडर, जला डाला चेहरा, डस्टबिन में डाल दी थी आँतें, ₹2000 की ब्रीफकेस में पैक...

आफताब ने पुलिस को यह भी बताया है कि उसने जिस दिन श्रद्धा की हत्या की थी। उसी दिन श्रद्धा के अकांउट से अपने अकाउंट में 54000 रुपए भेजे थे।

‘मैं रामचरितमानस को नहीं मानती, तुलसीदास कोई संत नहीं’: सपा MLA को तुलसीदास के ग्रन्थ से दिक्कत, कहा – हिम्मत है तो मेरी ताड़ना...

सपा विधायक पल्लवी पटेल ने कहा है कि वह रामचरितमानस को नहीं मानती हैं और इसमें शूद्र शब्द हटाने के लिए आंदोलन करेंगी। उनके लिए तुलसीदास संत नहीं।

प्रचलित ख़बरें

- विज्ञापन -

हमसे जुड़ें

295,307FansLike
244,326FollowersFollow
416,000SubscribersSubscribe