Homeरिपोर्टEHT से ब्लैक होल की पहली तस्वीरें लेने में वैज्ञानिक सफल

EHT से ब्लैक होल की पहली तस्वीरें लेने में वैज्ञानिक सफल

यह तस्वीरें ब्लैक होल के आसपास की उस आखिरी सीमा की हैं जिसे दूर से भी देखा जा सकता है। इसे Event Horizon कहते हैं, और यह एक दहलीज जैसा होता है, जिसे पार करते ही भौतिकी के सभी नियम असीम गुरुत्व बल के चलते टूट जाते हैं।

वैज्ञानिकों ने पहली बार किसी ब्लैक होल की तस्वीरें खींचने में सफलता हासिल की है। ब्रह्माण्ड के सबसे कौतूहल के विषयों में से एक को समझने की राह में यह उपलब्धि मील का पत्थर है।

उक्त ब्लैक होल Messier 87 आकाशगंगा में स्थित है, जो हमसे 5.5 करोड़ प्रकाश वर्ष दूर स्थित है। तस्वीरों में आकाशीय ‘धूल’ और गैसों का एक चमकता वृत्त इस विशालकाय ब्लैक होल के चारों ओर है, और तस्वीरें असल में इसी की हैं। ब्लैक होल की खुद की तस्वीरें ले पाना असंभव है क्योंकि इसके अन्दर इतना ज्यादा गुरुत्वाकर्षण बल होता है कि प्रकाश की किरणें भी इसके अन्दर फंस कर रह जातीं हैं।

यह तस्वीरें ब्लैक होल के आसपास की उस आखिरी सीमा की हैं जिसे दूर से भी देखा जा सकता है। इसे Event Horizon कहते हैं, और यह एक दहलीज जैसा होता है, जिसे पार करते ही भौतिकी के सभी नियम असीम गुरुत्व बल के चलते टूट जाते हैं।

EHT दूरबीन का कारनामा, 200 वैज्ञानिक लगे

हमसे करोड़ों प्रकाश वर्ष दूर स्थित इस ब्लैक होल की यह तस्वीरें खींचना भी 8 दूरबीनों के एक विशेष तंत्र (network) से ही संभव हो पाया है। इस दूरबीन-तंत्र का नाम Event Horizon Telescope (EHT) है, और इसमें शामिल रेडियो दूरबीनें अंटार्टिका से लेकर स्पेन और चिली तक लगाईं गईं थीं, और इस कार्य में 200 वैज्ञानिकों का योगदान रहा।

आनंद रंगनाथन का भारतीय मीडिया को सन्देश

वैज्ञानिक और उपन्यासकार आनंद रंगनाथन ने इस ब्लैक होल के बारे में कवरेज करने के लिए भारतीय मीडिया से अपील करते हुए ट्वीट किया:

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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