सेना की जासूसी करते मेहताब, रागीब, खालिद गिरफ्तार, व्हाट्सएप के जरिए पाकिस्तान करते थे बात

आरोपितों के पास से बरामद मोबाइल में सेना की गतिविधियों से जुड़ी वीडियो क्लिप्स, व्हाट्सएप वॉइस और फोटोग्राफ बरामद किए गए हैं। तीनों व्हाट्सएप और वीडियो कॉल के जरिए पाकिस्तानी जासूसों से बात करते थे।

सेना के इंटेलीजेंस विभाग और सैन्य पुलिस ने मिलकर हरियाणा के हिसार के कैंट इलाक़े से तीन जासूसों को गिरफ्तार किया है। तीनों जासूस भारतीय सेना की गतिविधियों को सोशल मीडिया के माध्यम से पाकिस्तान भेज रहे थे। हिरासत में लिए गए जासूसों की पहचान उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर के शेरपुर गाँव निवासी मेहताब (28 वर्षीय) और रागीब (34 वर्षीय) तथा शामली के मासाबी गाँव निवासी खालिद (25 वर्षीय) के रूप में हुई है।

ख़बर के अनुसार, आरोपितों के पास से मोबाइल मिले हैं जिसमें सेना की गतिविधियों से जुड़ी वीडियो क्लिप्स, व्हाट्सएप वॉइस और फोटोग्राफ बरामद किए गए हैं। खबर है कि तीनों आरोपित व्हाट्सएप और वीडियो कॉल के जरिए पाकिस्तानी जासूसों से बात करते थे। इसी सन्दर्भ में और भी खुलासे होने की संभावना है। 

दरअसल, तीनों आरोपित एक सप्ताह पहले ही कैंट इलाक़े में आए थे। कैंट इलाके में मेस बिल्डिंग का निर्माण कार्य चल रहा है, इसलिए एक सिविल कंस्ट्रक्शन कंपनी ने बतौर लेबर इन तीनों को काम पर रखा था।

- विज्ञापन - - लेख आगे पढ़ें -

पहले दिन से ही सेना को इन तीनों पर शक था और इसीलिए इनकी हर गतिविधि पर पैनी नजर रखी जा रही थी। मिलिट्री इंटेलीजेंस की सूचना पर और इनकी संदिग्ध गतिविधियों पर मिलिट्री इंटेलीजेंस और सेना पुलिस दोनों ने ही इन पर नजर रखी। और जब इनका शक यकीन में बदल गया तब गुरुवार (1 अगस्त) रात गिरफ्तार कर लिया।

मीडिया में आई खबरों के मुताबिक, तीनों आरोपितों ने काम पर लगने के साथ ही सेना के जवानों और कैंट क्षेत्र के अंदर की गतिविधियों को मोबाइल में रिकॉर्ड करना शुरू कर दिया था। ये तीनों पाकिस्तानी जासूसों के लगातार सम्पर्क में थे और उन्हें सेना की गतिविधियों से जुड़ी सूचनाएँ भेजते थे।

शेयर करें, मदद करें:
Support OpIndia by making a monetary contribution

बड़ी ख़बर

बीएचयू, वीर सावरकर
वीर सावरकर की फोटो को दीवार से उखाड़ कर पहली बेंच पर पटक दिया गया था। फोटो पर स्याही लगी हुई थी। इसके बाद छात्र आक्रोशित हो उठे और धरने पर बैठ गए। छात्रों के आक्रोश को देख कर एचओडी वहाँ पर पहुँचे। उन्होंने तीन सदस्यीय कमिटी गठित कर जाँच का आश्वासन दिया।

सबसे ज़्यादा पढ़ी गईं ख़बरें

ताज़ा ख़बरें

हमसे जुड़ें

114,578फैंसलाइक करें
23,209फॉलोवर्सफॉलो करें
121,000सब्सक्राइबर्ससब्सक्राइब करें

ज़रूर पढ़ें

Advertisements
शेयर करें, मदद करें: