Homeदेश-समाजलॉकडाउन में बांद्रा स्टेशन पर प्रवासी मजदूरों को भड़काकर भीड़ जुटाने वाले विनय दुबे...

लॉकडाउन में बांद्रा स्टेशन पर प्रवासी मजदूरों को भड़काकर भीड़ जुटाने वाले विनय दुबे को जमानत, केंद्र सरकार को दी थी चेतावनी

14 अप्रैल को बांद्रा और व मुंब्रा में हजारों प्रवासी सड़क पर आ गए थे। हालात इतने बिगड़ गए कि पुलिस को बल का प्रयोग कर व मजहबी नेताओं को अल्लाह का हवाला देकर भीड़ को तितर-बितर करना पड़ना। इस संबंध में नवी मुंबई पुलिस ने विनय दुबे को गिरफ्तार किया था।

देशव्यापी लॉकडाउन के दौरान मुंबई में बांद्रा रेलवे स्टेशन पर प्रवासी मजदूरों की भीड़ जुटाने के आरोपित विनय दुबे को आज (अप्रैल 28, 2020) स्थानीय कोर्ट से जमानत मिल गई। बांद्रा की एक अदालत ने मंगलवार को दुबे को 15 हजार रुपए के निजी मुचलके पर जमानत दी। दुबे को 14 अप्रैल को बांद्रा रेलवे स्टेशन पर भीड़ जुटाने के आरोप में गिरफ्तार किया गया था। उसे एरोली की नवी मुंबई पुलिस ने पकड़ा गया था।

बता दें, दुबे के ऊपर आईपीसी की धारा 117, 153A, 188, 269, 270, 505(2) और सेक्शन 3 के तहत मामला दर्ज किया गया था। इससे पहले उसने 15 अप्रैल को कोर्ट में पेश किया गया था।

गौरतलब है कि बीते 14 अप्रैल को बांद्रा और व मुंब्रा में हजारों प्रवासी सड़क पर आ गए थे। हालात इतने बिगड़ गए कि पुलिस को बल का प्रयोग कर व मजहबी नेताओं को अल्लाह का हवाला देकर भीड़ को तितर-बितर करना पड़ना। इस संबंध में नवी मुंबई पुलिस ने विनय दुबे को गिरफ्तार किया था।

विनय पर आरोप लगा था कि वह 18 अप्रैल को कुर्ला में प्रवासी मजदूरों के बड़े आंदोलन की धमकियाँ पुलिस को दे रहा था। इसके अलावा उसका एक वीडियो भी सामने आया थे। जिसमें वह न केवल राष्ट्रव्यापी लॉकडाउन के ख़िलाफ़ ह़़जारों प्रवासियों को भड़काता दिखा था, बल्कि सरकार को चेतावनी भी दे रहा था।

बता दें, फेसबुक पर पोस्ट वीडियो में दुबे उत्तर प्रदेश तक प्रवासियों की पदयात्रा का नेतृत्व करने की बात कर रहा था। साथ ही लोगों से अपील कर रहा था कि अगर, लोग उसका साथ देना चाहते हैं, तो वे उससे व्हॉट्सअप पर संपर्क करें।

इसके अलावा विनय अपनी वीडियो में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की और केंद्र सरकार की आलोचना करता दिखा था। उसने लॉकडाउन के संबंध में केंद्र सरकार को अल्टीमेटम दिया कि या तो वे 14 और 15 अप्रैल तक सभी परेशानियों का निवारण करें वरना वो 20 अप्रैल से पदयात्रा शुरू कर देगा। 

गौरतलब है कि खुद को सामाजिक कार्यकर्ता और उद्यमी बताने वाले विनय दुबे भाजपा के खिलाफ लगातार जहर उगलता रहा है। कई तस्वीरों में एनसीपी और मनसे के नेताओं से उसकी करीबी दिखाई पड़ती है। उसके फेसबुक अकाउंट से अपलोड फोटोज में से एक में वह मनसे प्रमुख राज ठाकरे के साथ दिखाई देता है।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

MOU के बाद भी सुस्ती में रहा तमिलनाडु, आंध्र प्रदेश ने फुर्ती से पकड़े मझगाँव डॉक के ₹29000 करोड़: समझिए कैसे चंद्रबाबू नायडू के...

प्रोजेक्ट में राज्य सरकार और विशाखापत्तनम पोर्ट अथॉरिटी में ₹5289 करोड़ देंगे, जबकि MDL मुख्य निवेशक के रूप में ₹23964 करोड़ का निवेश करेगा।

पूरी तरह से ‘ड्राई स्टेट’ नहीं था लक्षद्वीप, 47 साल बाद सरकार ने बदले शराब के नियम: जानिए क्यों, कभी विकास परियोजनाओं के विरोध...

भारत के केंद्रशासित प्रदेश लक्षद्वीप में 47 वर्षों बाद शराब नीति में बदलाव करते हुए केंद्र सरकार ने लागू शराबबंदी कानून को समाप्त कर दिया है।
- विज्ञापन -