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‘महँगा पड़ेगा राम मंदिर प्राण प्रतिष्ठा में जाना’: घर-वापसी कराने वाले महंत को धमकी, कहा – ‘तुम जनजातीय समाज को भड़का रहे हो, अंत निकट है’

पत्र में कहा गया है कि उन्हें राम मंदिर के प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम में जाना महँगा पड़ेगा। पत्र में कहा गया है कि माउली सरकार जनजातीय समाज के हिन्दुओं को भड़काने का काम कर रहे हैं।

मध्य प्रदेश के निमाड़ सरकार महंत जगद्गुरु रामानंदाचार्य राम राजेश्वराचार्य (माउली सरकार) को जान से मारने की धमकी दी गई है। उनको यह धमकी आगामी 22 जनवरी, 2024 को अयोध्या में होने वाली राम मंदिर की प्राण प्रतिष्ठा के कार्यक्रम में जाने को लेकर मिली है।

जानकारी के अनुसार, उन को यह धमकी एक पत्र के माध्यम से दी गई है। पत्र भेजने वाले ने अपनी पहचान नहीं जाहिर की है। यह पत्र उन्हें महाराष्ट्र के अमरावती में स्थित विदर्भ पीठ में स्थित कोडन्यपुर आश्रम में मिला है। कोई यहाँ यह पत्र एक लिफाफे में छोड़ कर गया था। इसके अंदर से धमकी भरा पत्र मिला।

पत्र में कहा गया है कि उन्हें राम मंदिर के प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम में जाना महँगा पड़ेगा। पत्र में कहा गया है कि माउली सरकार जनजातीय समाज के हिन्दुओं को भड़काने का काम कर रहे हैं, इसके लिए उनका अंत निकट है। यह भी कहा गया है कि वह बहुत अयोध्या अयोध्या कर रहे हैं।

हालाँकि, संत माउली सरकार ने इस पत्र पर कहा है कि वह ऐसी धमकियों से नहीं डरते हैं और उनका धर्मकार्य जारी रहेगा। उन्होंने कहा, “कल मुझे किसी अज्ञात व्यक्ति द्वारा पत्र भेजकर मारने की धमकी दी गई है। ईश्वर के सौंपे काम को मैं पूरी जिम्मेदारी से करता हूँ। ईश्वर ने मुझे धर्मपत काम करने के लिए चुना है, इसमें अनेकों चुनौतियाँ आती हैं। मैं ऐसी चुनौतियों से नहीं डरता हूँ।”

उन्होंने 22 जनवरी, 2024 को अयोध्या जाने को लेकर भी अपना रुख स्पष्ट किया है। उन्होंने कहा, “500 वर्ष के संघर्ष के फलस्वरूप 22 जनवरी को भगवान राम की प्राण प्रतिष्ठा होने जा रही है। इसका हिस्सा बनने का मुझे मौका मिला है जिससे मैं काफी खुश हूँ। मैं हिन्दू हूँ इस पर मुझे गर्व है।” उनका कहना है कि मध्य प्रदेश और महाराष्ट्र में वनवासी समुदाय के घर-वापसी का काम किया है जो ईश्वर का कार्य है और वह इसके लिए किसी से डरने वाले नहीं हैं। उन्हें पुलिस सुरक्षा प्रदान करने की माँग भी उनके अनुयायियों ने उठाई है।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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